Giridih: विश्व पर्यावरण सप्ताह 2026 के अवसर पर गिरिडीह पूर्वी वन प्रमंडल के निर्देशानुसार बिरनी थाना क्षेत्र के ग्राम गराइडीह में पर्यावरण संरक्षण एवं जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व गिरिडीह वन प्रक्षेत्र के वन क्षेत्र पदाधिकारी ने किया। इस दौरान ग्रामीणों को पर्यावरण संरक्षण, वन संवर्धन और हरित जीवनशैली अपनाने के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में कल्याणपुर, गराइडीह, प्रतापपुर और चितनखारी सहित आसपास के गांवों के महिला एवं पुरुष ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस अवसर पर ग्रामीणों ने पेड़ों और पौधों को रक्षा सूत्र बांधकर उनके संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प लिया। साथ ही पर्यावरण सुरक्षा, हरियाली बढ़ाने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संदेश दिया गया।
वन विभाग ने बताया पर्यावरण संरक्षण का महत्व
कार्यक्रम के दौरान वन विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों को वृक्षारोपण, वन संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के महत्व की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने के लिए अधिक से अधिक पेड़ लगाना और उनकी देखभाल करना आवश्यक है।
इस अवसर पर वनपाल अमर विश्वकर्मा, प्रधान वनरक्षी अन्नु सोरेन, संजयकांत यादव, बिरेंद्र कुमार, सुश्री सुरूचि कुमारी एवं शिवनारायण महतो समेत वन विभाग के कई अधिकारी और कर्मी मौजूद रहे।
ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी से सफल हुआ कार्यक्रम
कार्यक्रम को सफल बनाने में ग्राम मुखिया प्रतिनिधि राजेंद्र यादव, जयदेव यादव, अब्दुल गनी, अनिल कुमार सहित अन्य ग्रामीणों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। ग्रामीणों ने पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाने और अपने गांवों को हरा-भरा रखने का संकल्प लिया।
अधिक से अधिक पौधे लगाने की अपील
वन विभाग ने लोगों से अधिक संख्या में पौधे लगाने और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि स्वच्छ, सुरक्षित और संतुलित पर्यावरण ही आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य की आधारशिला है, इसलिए हर नागरिक को पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी निभानी चाहिए।