Jamshedpur News: जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त राजीव रंजन ने बिष्टुपुर स्थित एसएनटीआई परिसर में आत्महत्या रोकथाम के क्षेत्र में कार्यरत संस्था “जीवन” के दो दिवसीय रिफ्रेशर प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्घाटन किया। इससे पूर्व उन्होंने 25 क्यू रोड स्थित जीवन केंद्र का भ्रमण कर संस्था की कार्यप्रणाली, बिफ्रेंडिंग तकनीक और संकटग्रस्त लोगों को भावनात्मक सहयोग प्रदान करने की प्रक्रिया की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य और आत्महत्या रोकथाम केवल किसी एक संस्था का नहीं, बल्कि पूरे समाज का सामूहिक दायित्व है।
45 देशों से जुड़ी संस्था दे रही संवेदनशील सहयोग की ट्रेनिंग
संस्था के निदेशक डॉ. जे.आर. जेन ने बताया कि वर्ष 2006 में स्थापित “जीवन” अंतरराष्ट्रीय संगठन Befrienders Worldwide (यूके) से संबद्ध है, जिसके सदस्य संगठन 45 देशों में कार्यरत हैं। संस्था चयनित स्वयंसेवकों को विशेष प्रशिक्षण प्रदान करती है ताकि वे मानसिक तनाव, अवसाद और जीवन संकट से जूझ रहे लोगों को प्रभावी भावनात्मक सहयोग दे सकें। प्रशिक्षण में काउंसलिंग के साथ व्यवहारिक अभ्यास भी शामिल हैं।
विद्यार्थियों में बढ़ते आत्महत्या मामलों पर विशेष फोकस
संयुक्त निदेशक गुरुप्रीत ने बताया कि संस्था ने विद्यार्थियों में बढ़ती आत्महत्या की घटनाओं को प्रमुख कार्यक्षेत्र के रूप में चिन्हित किया है। वर्तमान प्रशिक्षण कार्यक्रम में 25 स्वयंसेवक भाग ले रहे हैं। संस्था ने आगामी वर्षों में आत्महत्या की घटनाओं में 50 प्रतिशत तक कमी लाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके लिए हेल्पलाइन सेवाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार, 24×7 उपलब्धता और प्रशिक्षण सुविधाओं के विस्तार पर जोर दिया जा रहा है।
सार्वजनिक स्थलों पर हेल्पलाइन नंबर प्रदर्शित करने का सुझाव
कार्यक्रम के दौरान ट्रस्टी सदस्य ब्रिगेडियर सी.एस. वैद्यनाथन ने प्रमुख सार्वजनिक स्थलों और चौराहों पर हेल्पलाइन नंबरों के स्थायी प्रदर्शन-पट्ट लगाने का सुझाव दिया, ताकि जरूरतमंद लोगों को संकट की घड़ी में तुरंत सहायता मिल सके। वहीं, टाटा स्टील फाउंडेशन द्वारा प्रशिक्षण सुविधाओं के विस्तार की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की भी जानकारी दी गई। कार्यक्रम में संस्था के पदाधिकारी, प्रशिक्षक, स्वयंसेवक और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।