Jharkhand News: राजधानी रांची के ऐतिहासिक जगन्नाथपुर मंदिर में तैनात प्रहरी की हत्या ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. मंदिर के गर्भगृह की सुरक्षा में लगे गार्ड की हत्या की खबर से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है. खास बात यह है कि घटनास्थल के आसपास विधानसभा और हाई कोर्ट जैसे अति संवेदनशील संस्थान मौजूद हैं, जिससे इस घटना ने पुलिस व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
जानकारी के अनुसार, पिछले दो दिनों के भीतर मंदिर के आसपास ही दो हत्याएं हो चुकी हैं. लगातार हो रही इन घटनाओं से इलाके में दहशत का माहौल है. स्थानीय लोगों का कहना है कि हाई सिक्योरिटी जोन में भी अपराधी बेखौफ होकर वारदात को अंजाम दे रहे हैं, जिससे पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं.
इस मामले को लेकर झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि राजधानी में कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है और पुलिस की स्थिति ऐसी हो गई है जैसे “सांप निकल जाने के बाद लाठी पीटना”.
मरांडी ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की चुप्पी अपराधियों और अयोग्य पुलिस अधिकारियों का मनोबल बढ़ा रही है. उन्होंने कहा कि लगातार बढ़ते अपराध से जनता में भय का माहौल है और सरकार इस पर गंभीर नहीं दिख रही है.
उन्होंने मुख्यमंत्री से तत्काल कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि अयोग्य पुलिस अधिकारियों को हटाया जाए और एसपी तथा एसएसपी की जवाबदेही तय की जाए. बाबूलाल मरांडी ने चेतावनी दी कि यदि कानून-व्यवस्था में जल्द सुधार नहीं हुआ तो भाजपा सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेगी.