Jharkhand News: झारखंड में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण (SIR) से पहले मतदाताओं की मैपिंग की प्रक्रिया जारी है. इस प्रक्रिया में रांची जिला सबसे पीछे चल रहा है. जिले में अब तक केवल 65.84 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग हो सकी है, जबकि करीब 34 प्रतिशत मतदाताओं का सत्यापन अभी बाकी है. राज्य में कुल मिलाकर अब तक 78.60 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने बताया कि मतदाताओं की मैपिंग की प्रक्रिया 15 जून तक चलेगी. इसके बाद इन्यूमरेशन फॉर्म की छपाई और प्रशिक्षण का कार्य शुरू किया जाएगा.
23 मई को अनमैप्ड मतदाताओं की सूची सभी मतदान केंद्रों और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट पर सर्चेबल फॉर्मेट में जारी की गई थी. इसके बाद मैपिंग की प्रक्रिया में तेजी आई है. वर्तमान में राज्य में 2,08,06,211 मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है. वहीं अनमैप्ड सूची जारी होने के बाद करीब 14,03,354 मतदाताओं का सत्यापन किया गया है.
रांची जिले के विधानसभा क्षेत्रों में भी मैपिंग की स्थिति कमजोर बनी हुई है. हटिया विधानसभा क्षेत्र में सिर्फ 50.82 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग हुई है, जबकि करीब 49 प्रतिशत मतदाता अभी भी अनमैप्ड हैं. रांची विधानसभा क्षेत्र में 51.37 प्रतिशत, कांके में 63.09 प्रतिशत, खिजरी में 69.97 प्रतिशत, तमाड़ में 81.13 प्रतिशत, सिल्ली में 81.87 प्रतिशत और मांडर में 82.98 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है.
रांची के अलावा हजारीबाग, धनबाद और पूर्वी सिंहभूम जैसे जिलों में भी 30 प्रतिशत से ज्यादा मतदाताओं की मैपिंग लंबित है. जिलेवार स्थिति देखें तो साहिबगंज में 84.16 प्रतिशत, पाकुड़ में 89.15 प्रतिशत, दुमका में 86.61 प्रतिशत, जामताड़ा में 86.72 प्रतिशत, देवघर में 82.76 प्रतिशत, गोड्डा में 88.36 प्रतिशत, कोडरमा में 85.36 प्रतिशत, हजारीबाग में 69.23 प्रतिशत, रामगढ़ में 74.16 प्रतिशत, चतरा में 85.56 प्रतिशत, गिरिडीह में 83.75 प्रतिशत, बोकारो में 72.59 प्रतिशत, धनबाद में 69.03 प्रतिशत, पूर्वी सिंहभूम में 69.35 प्रतिशत, सरायकेला-खरसावां में 80 प्रतिशत, पश्चिमी सिंहभूम में 83.10 प्रतिशत, खूंटी में 79.57 प्रतिशत, गुमला में 85.54 प्रतिशत, सिमडेगा में 85.41 प्रतिशत, लोहरदगा में 89.34 प्रतिशत, लातेहार में 81.70 प्रतिशत, पलामू में 81.93 प्रतिशत और गढ़वा में 78.60 प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग हो चुकी है.
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने अनमैप्ड मतदाताओं से अपील की है कि वे जल्द से जल्द अपने बीएलओ से संपर्क कर मैपिंग प्रक्रिया पूरी कराएं. मतदाता ई-सीनेट ऐप के "कनेक्ट विद इलेक्शन ऑफिसर" विकल्प के जरिए अपने बीएलओ का मोबाइल नंबर प्राप्त कर सकते हैं. इसके अलावा मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट पर भी अनमैप्ड सूची में अपना नाम और संबंधित बीएलओ की जानकारी देखी जा सकती है.