Ranchi News : राज्य के विभिन्न जिलों में सामने आए चर्चित ट्रेजरी घोटाले की जांच अब निर्णायक चरण में पहुंचती दिख रही है। मामले की जांच कर रही अपराध अनुसंधान विभाग (CID) ने गिरफ्तार सात आरोपियों से रांची स्थित अपने मुख्यालय में पूछताछ शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, पूछताछ के दौरान CID के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं। जांच एजेंसी आरोपियों से घोटाले से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर जानकारी जुटा रही है। विशेष रूप से इस बात की पड़ताल की जा रही है कि कथित रूप से अवैध तरीके से निकाली गई राशि का उपयोग कहां और किस प्रकार किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए CID की विशेष जांच टीम (SIT) सभी सात आरोपियों से लगातार दो दिनों तक पूछताछ करेगी। सुरक्षा कारणों से आरोपियों को कड़ी निगरानी के बीच रांची लाया गया है।
जांच अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं, जिससे पूरे नेटवर्क का खुलासा करने में मदद मिलेगी।
फर्जी दस्तावेजों के जरिए करोड़ों की निकासी का आरोप
प्रारंभिक जांच में यह मामला सरकारी राजस्व में हेरफेर और फर्जी दस्तावेजों के आधार पर करोड़ों रुपये की कथित अवैध निकासी से जुड़ा पाया गया है। जांच एजेंसियों को संदेह है कि इस पूरे प्रकरण में विभागीय कर्मियों और बाहरी लोगों की मिलीभगत रही है।
CID यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घोटाले से किसे आर्थिक लाभ पहुंचा और क्या इस नेटवर्क में अन्य लोग भी शामिल थे।
कई और लोगों पर गिर सकती है जांच की गाज
जांच एजेंसी पूछताछ से प्राप्त तथ्यों के आधार पर अन्य संदिग्ध व्यक्तियों की भूमिका भी खंगाल रही है। अधिकारियों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में कई नए खुलासे हो सकते हैं और जांच का दायरा और बढ़ सकता है।
फिलहाल CID की टीम आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और ट्रेजरी घोटाले की पूरी परतें खोलने में जुटी हुई है।