TCS Case: महाराष्ट्र के चर्चित नासिक टीसीएस कांड में फरार चल रही मुख्य आरोपी निदा खान को पुलिस ने छत्रपति संभाजीनगर से गिरफ्तार कर लिया है। नासिक पुलिस की स्पेशल टीम पिछले 25 दिनों से उसकी तलाश में जुटी थी। गिरफ्तारी से बचने के लिए निदा खान ने कई कानूनी कोशिशें कीं, लेकिन आखिरकार पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। उस पर धर्मांतरण, धार्मिक भावनाएं आहत करने और मुख्य आरोपियों की मदद करने जैसे गंभीर आरोप लगे हैं।
धर्मांतरण और उत्पीड़न की साजिश का आरोप
जांच एजेंसियों के मुताबिक, TCS नासिक कार्यालय से जुड़े इस मामले में कथित तौर पर सुनियोजित तरीके से एक युवक और युवती को निशाना बनाया गया। SIT जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के जरिए धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश की। आरोपी तौसिफ अत्तार और दानिश शेख पर युवक को बार-बार होटलों में ले जाकर मांसाहार के लिए मजबूर करने का आरोप है।
रिसॉर्ट में अत्याचार के सबूत, धार्मिक सामग्री बरामद
पुलिस जांच में इगतपुरी स्थित एक रिसॉर्ट में पीड़िता के साथ कथित अत्याचार किए जाने के प्रमाण मिले हैं। दानिश शेख द्वारा 3,200 रुपये में रिसॉर्ट बुक कराने के दस्तावेज भी पुलिस ने जुटाए हैं। जांच के दौरान पीड़िता के पास से विशेष धार्मिक परिधान, बुर्का, किताबें और संदिग्ध मोबाइल ऐप्स बरामद किए गए। आरोपियों पर देवी-देवताओं के बारे में गलत जानकारी फैलाने और धार्मिक भावनाएं भड़काने के भी आरोप हैं।
TCS कार्यालय की POSH व्यवस्था पर भी उठे सवाल
इस पूरे मामले में कंपनी की आंतरिक व्यवस्था भी सवालों के घेरे में आ गई है। जांच में खुलासा हुआ कि नासिक कार्यालय में 50 से अधिक महिला कर्मचारी होने के बावजूद अलग से POSH समिति का गठन नहीं किया गया था। वहीं, निदा खान की अग्रिम जमानत याचिका अदालत द्वारा खारिज किए जाने के बाद उसकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं। अब पुलिस इस मामले के अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट से जुड़े संभावित कनेक्शन की भी जांच कर रही है।