बढ़ती आबादी और बदहाल व्यवस्था
जदयू के जिला अध्यक्ष के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि मानगो की आबादी में पिछले कुछ वर्षों में बेतहाशा वृद्धि हुई है, लेकिन नगर निगम बुनियादी ढांचा विकसित करने में पूरी तरह विफल रहा है। पार्टी ने मुख्य रूप से निम्नलिखित मुद्दों पर प्रशासन का ध्यान खींचा है
पेयजल संकट कई मुहल्लों में पानी की आपूर्ति देर रात होती है या मात्र कुछ मिनटों के लिए। जर्जर पाइपलाइनों और लो-प्रेशर के कारण ऊपरी मंजिल और दूरदराज के घरों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है।सफाई और जलजमाव, नालियों की नियमित सफाई न होने से गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है। इससे न केवल दुर्गंध फैल रही है, बल्कि मच्छरों के कारण बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।
अंधेरे में डूबी सड़कें, स्ट्रीट लाइटों के खराब होने से कई मोहल्ले शाम होते ही अंधेरे में डूब जाते हैं, जिससे न केवल दुर्घटनाओं का डर रहता है, बल्कि असामाजिक तत्वों का जमावड़ा भी बढ़ता जा रहा है।
आंदोलन की चेतावनी
पार्टी नेताओं ने स्पष्ट किया कि कचरा उठाव की अनियमित व्यवस्था और सड़कों की जर्जर स्थिति ने आम नागरिकों का जीना मुहाल कर दिया है। जदयू ने मांग की है कि मानगो को आदर्श नगर बनाने के लिए ठोस योजना पर काम शुरू किया जाए। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर इन समस्याओं पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो पार्टी चरणबद्ध तरीके से जन-आंदोलन शुरू करने के लिए बाध्य होगी।