तेजी से फैली लपटें, मची अफरा-तफरी
लोगों के अनुसार, आग सोमवार की दोपहर अचानक लगी। देखते ही देखते आग की लपटों ने विकराल रूप धारण कर लिया और पास की अन्य दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। धुएं का गुबार इतना ऊंचा था कि दूर से ही तबाही का मंजर देखा जा सकता था। चूंकि दुकानें फुटपाथ पर सटी हुई थीं, इसलिए आग को फैलने में ज्यादा वक्त नहीं लगा। स्थानीय दुकानदारों ने पहले अपने स्तर पर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन लपटें इतनी तेज थीं कि पास जाना भी मुश्किल हो गया।
प्रशासनिक मुस्तैदी और राहत कार्य
घटना की जानकारी मिलते ही सेक्टर-12 थाना पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम दलबल के साथ मौके पर पहुंची। दमकल की गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गनीमत रही कि इस हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ और किसी की जान को नुकसान नहीं पहुंचा। हालांकि, दुकानों में रखा सारा सामान, फर्नीचर और नकदी जलकर कोयला हो गए।
शॉर्ट सर्किट की आशंका
आग लगने के सटीक कारणों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन शुरुआती जांच में शॉर्ट सर्किट को मुख्य वजह माना जा रहा है। पुलिस और अग्निशमन विभाग मामले की गहराई से जांच कर रहे हैं ताकि स्पष्ट हो सके कि यह हादसा था या किसी की लापरवाही।
दुकानदारों पर टूटा दुखों का पहाड़
प्रभावित दुकानदारों का कहना है कि उनकी रोजी-रोटी का एकमात्र जरिया यही दुकानें थीं। इस अग्निकांड ने उनके सामने जीवन-यापन का संकट खड़ा कर दिया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से प्रभावित दुकानदारों के लिए उचित मुआवजे की मांग की है।