Simdega News: जिले के कोलेबिरा थाना क्षेत्र में अवैध अफीम की खेती के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. शाहपुर जितिया टोली और बंदरचुआं गांव में चल रही अफीम की खेती को नष्ट कर दिया गया और मौके से 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया.
इस पूरे मामले की जानकारी सिमडेगा के एसपी श्रीकांत एस. खोटरे ने प्रेस वार्ता में दी. उन्होंने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ लोग कोलेबिरा थाना क्षेत्र के शाहपुर जितिया टोली और बंदरचुआं इलाके में गैरकानूनी तरीके से अफीम की खेती कर रहे हैं. सूचना मिलते ही एसपी ने एसडीपीओ बैजू उरांव के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन कर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए.
तीन एकड़ से ज्यादा जमीन पर थी फसल
पुलिस टीम ने कोलेबिरा के सीओ की मौजूदगी में छापेमारी की. जांच में पाया गया कि करीब तीन एकड़ से अधिक जमीन पर अफीम की फसल तैयार अवस्था में लगी हुई थी. पुलिस ने ट्रैक्टर की मदद से पूरी फसल को रौंदकर नष्ट कर दिया.
एसपी के अनुसार, अफीम की फसल पूरी तरह पक चुकी थी और इसमें शामिल लोग पौधों के फलों पर चीरा लगाकर अफीम निकालने की तैयारी कर रहे थे. लेकिन पुलिस ने समय रहते कार्रवाई करते हुए सभी को मौके से ही पकड़ लिया.
अलग-अलग जिलों और राज्य के लोग शामिल
गिरफ्तार किए गए 10 आरोपियों में सिमडेगा और खूंटी जिले के साथ-साथ ओडिशा के भी कुछ लोग शामिल हैं. पुलिस ने आरोपियों के पास से खेती में इस्तेमाल होने वाले औजार और अन्य सामान भी जब्त किया है.
पुलिस का अनुमान है कि नष्ट की गई अफीम की फसल की बाजार कीमत करीब एक करोड़ रुपये के आसपास थी. फिलहाल सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
एसपी ने कहा कि जिले में अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी को भी कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी.