Hazaribagh News: हजारीबाग जिले में हाल के दिनों में छिनतई और लोगों को झांसा देकर गहने ठगने की बढ़ती घटनाओं को लेकर पुलिस महकमा सतर्क हो गया है. सोमवार को डीआईजी ने जिले के सदर एसडीपीओ समेत विभिन्न थाना प्रभारियों के साथ अहम बैठक कर हालात की विस्तृत समीक्षा की.
अलग-अलग थाना क्षेत्रों की गहन जांच
बैठक में सदर थाना, लोहसिंघना थाना, बड़ा बाजार ओपी और कोर्रा थाना क्षेत्र में बीते दो महीनों के दौरान हुई छिनतई और धोखाधड़ी की घटनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई. डीआईजी ने प्रत्येक मामले की वर्तमान स्थिति जानी और अब तक की गई कार्रवाई की रिपोर्ट ली. साथ ही जांच में आ रही बाधाओं और अपराधियों तक पहुंचने की रणनीति पर भी विचार किया गया.
लंबित मामलों को जल्द सुलझाने का निर्देश
समीक्षा के दौरान डीआईजी ने साफ कहा कि किसी भी मामले को लंबित न रखा जाए. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी मामलों का तेजी से निष्पादन किया जाए और आरोपियों की पहचान कर जल्द से जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए. खास तौर पर सक्रिय आपराधिक गिरोहों पर निगरानी बढ़ाने और उनके नेटवर्क को तोड़ने पर जोर दिया गया.
पड़ोसी जिलों से समन्वय बढ़ाने पर जोर
बैठक में यह भी जानकारी सामने आई कि इस तरह की वारदातें केवल हजारीबाग तक सीमित नहीं हैं. गिरिडीह और रामगढ़ जिलों में भी ऐसे गिरोह सक्रिय हैं, जो लोगों को बहला-फुसलाकर गहने और कीमती सामान ठग रहे हैं. डीआईजी ने निर्देश दिया कि इन जिलों की पुलिस के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर संयुक्त अभियान चलाया जाए, ताकि अपराधियों पर प्रभावी कार्रवाई हो सके.
पुलिस अधिकारियों को नियमित गश्ती बढ़ाने, संदिग्ध लोगों की जांच करने और आम नागरिकों को सतर्क रहने के लिए जागरूक करने के भी निर्देश दिए गए हैं. पुलिस प्रशासन का कहना है कि जल्द ही इन घटनाओं पर नियंत्रण पाने के लिए ठोस कार्रवाई की जाएगी.