Jharkhand News: पूर्व रेलवे द्वारा वित्तीय वर्ष 2025-26 की जारी आधिकारिक आय रिपोर्ट में झारखंड के कई रेलवे स्टेशनों ने शानदार प्रदर्शन किया है. खासकर जसीडीह जंक्शन ने अनारक्षित (UTS) और आरक्षित (PRS) टिकट आय दोनों श्रेणियों में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है. रिपोर्ट के अनुसार झारखंड के चार प्रमुख स्टेशन पूर्व रेलवे के “टॉप 20” स्टेशनों में शामिल हुए हैं, जिससे राज्य में लगातार बढ़ रही रेल यात्री संख्या और धार्मिक-व्यावसायिक गतिविधियों का असर साफ दिखाई देता है.
अनारक्षित टिकट आय में जसीडीह टॉप-5 में शामिल
जनरल और अनारक्षित टिकट (UTS) से होने वाली आय में जसीडीह जंक्शन ने पूरे पूर्व रेलवे में 5वां स्थान हासिल किया है. स्टेशन ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 46.7 करोड़ रुपये से अधिक की आय दर्ज की. बाबा बैद्यनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं, दैनिक यात्रियों और लंबी दूरी के सफर करने वाले यात्रियों की वजह से जसीडीह स्टेशन की आय में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है.
आरक्षित टिकट आय में भी झारखंड के कई स्टेशन चमके
आरक्षित टिकट (PRS) से होने वाली आय में भी झारखंड के कई स्टेशन पूर्व रेलवे के टॉप-20 में जगह बनाने में सफल रहे.
• 6वें स्थान पर जसीडीह जंक्शन — 110 करोड़ से अधिक आय
• 12वें स्थान पर मधुपुर स्टेशन — 25.7 करोड़+
• 17वें स्थान पर देवघर स्टेशन — 13.9 करोड़+
• 19वें स्थान पर साहिबगंज स्टेशन — 8.6 करोड़+
रेलवे अधिकारियों के अनुसार धार्मिक पर्यटन, बढ़ती यात्री सुविधाएं और ट्रेनों की बेहतर कनेक्टिविटी इन स्टेशनों की आय बढ़ने की बड़ी वजह मानी जा रही है.
धार्मिक और पर्यटन कनेक्टिविटी का दिखा असर
देवघर और जसीडीह जैसे स्टेशन बाबा बैद्यनाथ धाम आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए मुख्य प्रवेश द्वार हैं. वहीं साहिबगंज और मधुपुर भी अब तेजी से महत्वपूर्ण रेल केंद्र के रूप में उभर रहे हैं. पूर्व रेलवे की इस रिपोर्ट ने यह साफ कर दिया है कि झारखंड के रेलवे स्टेशन अब सिर्फ यातायात के केंद्र नहीं, बल्कि रेलवे की आय के बड़े स्रोत भी बन चुके हैं.