Jamshedpur News: जमशेदपुर में रामनवमी विसर्जन को सुरक्षित और शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए उपायुक्त (DC) कर्ण सत्यार्थी ने बुधवार को शहर के प्रमुख विसर्जन घाटों का सघन निरीक्षण किया. डीसी ने स्वर्णरेखा, दोमुहानी, बालूघाट, बेलीबोधन, ग्रीन पार्क और बागबेड़ा समेत शास्त्रीनगर घाट का दौरा कर प्रशासनिक तैयारियों का जायजा लिया. उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि शोभायात्रा मार्ग और घाटों पर श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा मानकों में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
साफ-सफाई, लाइट और पहुंच पथ दुरुस्त करने का आदेश
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने नगर निकाय और टाटा स्टील यूआईएसएल (जुस्को) के प्रतिनिधियों को विसर्जन मार्गों और घाट तक जाने वाले रास्तों की तत्काल मरम्मत करने का आदेश दिया. घाटों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था (लाइटिंग), बैरिकेडिंग और समतलीकरण सुनिश्चित करने को कहा गया है ताकि दुर्घटनाओं की आशंका को शून्य किया जा सके. इसके साथ ही विसर्जन के समय गोताखोरों और आपदा प्रबंधन की टीमों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं.
ड्रोन और सीसीटीवी से होगी चप्पे-चप्पे की निगरानी
सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए विसर्जन मार्गों और घाटों पर वाच टावर, माइक सेट और सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे. उपायुक्त ने निर्देश दिया कि पूरी शोभायात्रा की निगरानी ड्रोन और वीडियो कैमरों से की जाएगी. भीड़ नियंत्रण के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल और ट्रैफिक सुचारू रखने के लिए विशेष दस्ता तैनात रहेगा. डीसी ने अखाड़ा समितियों से अपील की है कि वे सरकार द्वारा निर्धारित झंडे की ऊंचाई और अन्य सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करें.
प्रशासनिक अमला रहा मौजूद, अखाड़ा समितियों से सहयोग की अपील
इस उच्च स्तरीय निरीक्षण के दौरान सिटी एसपी कुमार शिवाशीष, धालभूम एसडीओ अर्णव मिश्रा, एडीएम लॉ एंड ऑर्डर राहुल आनंद और जेएनएसी के उप नगर आयुक्त समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे. उपायुक्त ने अखाड़ा समितियों और आयोजकों से शांति बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करने का आग्रह किया. प्रशासन का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं की आस्था का सम्मान करते हुए विसर्जन प्रक्रिया को बिना किसी बाधा के संपन्न कराना है.