यह प्रशिक्षण कार्यक्रम बजाज ऑटो द्वारा वित्तपोषित तथा टाटा स्टील फाउंडेशन द्वारा उपलब्ध कराए गए बुनियादी ढांचे के सहयोग से संचालित होगा। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को ऑटोमोबाइल क्षेत्र से संबंधित तकनीकी कौशल और व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान कर उन्हें रोजगार के लिए सक्षम बनाना है।
इस अवसर पर बजाज ऑटो के वाइस प्रेसिडेंट (सीएसआर) सुधाकर गुडिपति, सर्किल हेड लीलाधर, टाटा स्ट्राइव के चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर अमेया वंजारी, हेड-पार्टनरशिप राजर्षि मुखर्जी, लीड-पार्टनरशिप राजदीप साहा, टाटा स्टील फाउंडेशन के हेड-स्किल डेवलपमेंट कैप्टन अमिताभ सहित जमशेदपुर, चांडिल और चाईबासा के बजाज सर्विस सेंटर के डीलर मौजूद रहे।
10वीं उत्तीर्ण 18 से 35 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं के लिए तैयार इस कार्यक्रम में तीन माह का गहन प्रशिक्षण और एक माह का ऑन-द-जॉब ट्रेनिंग शामिल है। प्रशिक्षण पूरा करने पर प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र दिया जाएगा तथा उन्हें नौकरी या स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने में सहयोग किया जाएगा। इस केंद्र का लक्ष्य प्रतिवर्ष 80 से 100 युवाओं को प्रशिक्षित करना और न्यूनतम 80 प्रतिशत प्लेसमेंट सुनिश्चित करना है।
कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत के साथ हुई, जिसके बाद दीप प्रज्वलन और फीता काटकर बजाज STEP लैब का उद्घाटन किया गया। इसके बाद स्वागत भाषण, बजाज STEP कार्यक्रम की प्रस्तुति, अतिथियों के संबोधन और प्रशिक्षुओं के साथ संवाद सत्र आयोजित किया गया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन और समूह फोटो के साथ हुआ।
यह पहल टाटा स्टील फाउंडेशन, टाटा स्ट्राइव और बजाज ऑटो की संयुक्त प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसका उद्देश्य युवाओं की रोजगार क्षमता बढ़ाना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।