Dhanbad News: महिला आरक्षण विधेयक यानी नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर जारी राजनीतिक घमासान के बीच झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता रघुवर दास ने विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला है. धनबाद के सर्किट हाउस में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि परिवारवाद, जातिवाद और तुष्टिकरण की राजनीति करने वाले दल कभी नहीं चाहते कि महिलाओं को उनका अधिकार मिले.
रघुवर दास ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश की आधी आबादी को सशक्त बनाने के उद्देश्य से नारी शक्ति वंदन अधिनियम लेकर आए, लेकिन विपक्षी दलों ने संसद के भीतर इस ऐतिहासिक विधेयक को बाधित करने का प्रयास किया. उन्होंने इसे महिलाओं के प्रति नकारात्मक सोच का उदाहरण बताया.
उन्होंने कहा कि जनता अब विपक्ष की मंशा को समझ चुकी है और आने वाले समय में मजबूत जनादेश के साथ यह विधेयक दोबारा लाया जाएगा और पारित भी कराया जाएगा.
पूर्व मुख्यमंत्री ने परिसीमन की आवश्यकता पर भी जोर दिया. उन्होंने कहा कि महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण का वास्तविक लाभ तभी मिलेगा, जब यह कानून पूरी तरह प्रभावी रूप से लागू होगा. उन्होंने बताया कि प्रस्तावित व्यवस्था के तहत लोकसभा सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर करीब 815 तक की जा सकती है. साथ ही अधिकतम सीटों की सीमा 550 से बढ़ाकर 850 करने पर भी विचार चल रहा है. इससे झारखंड में लोकसभा सीटों की संख्या 14 से बढ़कर 21 तक होने की संभावना है.
रघुवर दास ने बताया कि महिला आरक्षण विधेयक को लेकर भाजपा अब सड़क पर उतरने की तैयारी कर रही है. पार्टी 25 अप्रैल को रांची में एक बड़ा आक्रोश मार्च निकालेगी. यह मार्च मोरहाबादी मैदान से शुरू होकर मेन रोड तक जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाओं की भागीदारी होने की उम्मीद है.
इस दौरान उन्होंने झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि राज्य को घोटालों का केंद्र बना दिया गया है. साथ ही पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर दावा किया कि इस बार वहां भाजपा की जीत तय है.