Jamshedpur: जमशेदपुर के एमजीएम थाना क्षेत्र स्थित तुरियाबेड़ा में निर्माण कार्य के दौरान एक दर्दनाक हादसा हो गया, जिसमें करंट लगने से एक राजमिस्त्री की मौत हो गई। मृतक की पहचान तुरियाबेड़ा निवासी राजेश चातर के रूप में हुई है। घटना के बाद इलाके में शोक और मायूसी का माहौल है। बताया जा रहा है कि स्थानीय निवासी विकास प्रजापति के घर में निर्माण कार्य चल रहा था, जहां राजेश चातर मजदूरी और राजमिस्त्री का काम कर रहा था। काम के दौरान अचानक वह बिजली की चपेट में आ गया और गंभीर रूप से झुलस गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और वहां मौजूद लोग तुरंत उसकी मदद में जुट गए।
इलाज के दौरान अस्पताल में हुई मौत
घटना के तुरंत बाद साथी मजदूरों और मकान मालिक ने गंभीर हालत में राजेश चातर को इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज शुरू किया गया, लेकिन हालत काफी गंभीर होने के कारण उसे बचाया नहीं जा सका। इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद मृतक के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। शुक्रवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल बना रहा और लोग मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चर्चा करते नजर आए।
परिजनों ने मकान मालिक पर लगाया लापरवाही का आरोप
राजेश चातर की मौत के बाद उसके परिजन आक्रोशित हो गए। गुरुवार को परिवार के लोग एमजीएम थाना पहुंचे और मकान मालिक पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए मुआवजे की मांग की। परिजनों का कहना था कि निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मकान मालिक विकास प्रजापति को थाना बुलाया। इसके बाद थाना परिसर में दोनों पक्षों के बीच लंबे समय तक बातचीत और समझौते की प्रक्रिया चलती रही।
तीन लाख रुपये मुआवजे पर बनी सहमति
काफी देर तक चली बातचीत के बाद दोनों पक्षों के बीच मुआवजे को लेकर सहमति बन गई। समझौते के तहत मृतक के परिजनों को कुल तीन लाख रुपये देने पर बात तय हुई। इसमें एक लाख रुपये नकद और 50 हजार रुपये ऑनलाइन तत्काल दिए गए। वहीं शेष डेढ़ लाख रुपये चार महीने के भीतर देने पर सहमति बनी। समझौते के बाद गुरुवार शाम पुलिस ने विकास प्रजापति को छोड़ दिया। घटना के बाद इलाके में मजदूरों की सुरक्षा और निर्माण कार्य के दौरान सावधानी को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं।