Jharkhand News : डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (DSPMU) में बीसीए कोर्स को लेकर नया विवाद सामने आया है। छात्र संघ ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर आरोप लगाया है कि छात्रों ने बीसीए कोर्स में नामांकन लिया, लेकिन उन्हें बीएससी-सीए (BSc-CA) की डिग्री दी जा रही है। इस मामले को लेकर छात्र संघ ने कुलपति को ज्ञापन सौंपते हुए जल्द कार्रवाई की मांग की है।छात्रों का कहना है कि एडमिशन के दौरान उन्हें बीसीए कोर्स के नाम पर नामांकन कराया गया और उसी आधार पर फीस भी ली गई। लेकिन पढ़ाई और दस्तावेजों में बीएससी-सीए का उल्लेख होने से छात्रों के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है। छात्र संघ का आरोप है कि इससे छात्रों के करियर और नौकरी की संभावनाओं पर असर पड़ सकता है।
छात्रों ने भविष्य को लेकर जताई चिंता, समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
छात्र नेताओं ने कहा कि इस मुद्दे को लेकर कई बार कॉलेज और विश्वविद्यालय प्रशासन से बातचीत की गई, लेकिन अब तक कोई स्पष्ट समाधान नहीं निकला। छात्रों का आरोप है कि प्रशासन मामले को गंभीरता से नहीं ले रहा है।
ज्ञापन में मांग की गई है कि छात्रों को उसी कोर्स की डिग्री दी जाए, जिसमें उन्होंने नामांकन लिया था। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाए।
वहीं विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से कहा गया है कि तकनीकी और विश्वविद्यालय स्तर की प्रक्रिया के कारण कुछ दस्तावेजों में अंतर दिखाई दे रहा है। प्रशासन का दावा है कि छात्रों के हितों को ध्यान में रखते हुए मामले का समाधान निकाला जाएगा।
छात्र संघ ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा तथा जरूरत पड़ने पर उच्च न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाया जा सकता है।