Jharkhand News: झारखंड में अवैध बालू और पत्थर कारोबार के खिलाफ खनन विभाग ने बड़े पैमाने पर कार्रवाई की है. अप्रैल से सितंबर 2025 के बीच चलाए गए विशेष अभियान में राज्यभर से बड़ी संख्या में वाहन जब्त किए गए और सैकड़ों प्राथमिकी दर्ज की गईं.
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक इस अवधि में अवैध खनिज परिवहन में इस्तेमाल हो रहे कुल 1566 वाहनों को जब्त किया गया. इनमें 653 बालू और 913 पत्थर लदे वाहन शामिल हैं. कार्रवाई के दौरान 627 एफआईआर दर्ज की गईं और करीब 824 लाख रुपये से अधिक जुर्माना वसूला गया.
रांची जिले में भी अवैध बालू कारोबार के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया गया. यहां कुल 213 वाहन जब्त किए गए, जिनमें 164 बालू और 49 पत्थर लदे वाहन शामिल हैं. जिले में 95 प्राथमिकी दर्ज हुईं और लगभग 140 लाख रुपये जुर्माने के रूप में वसूले गए.
हालांकि कार्रवाई के बावजूद राजधानी में अवैध बालू कारोबार को लेकर सवाल उठते रहे हैं. आरोप है कि कुछ मामलों में विभागीय मिलीभगत के कारण रात के समय अवैध उठाव जारी है. हाल के दिनों में 90 हजार सीएफटी बालू हटाए जाने का मामला भी चर्चा में रहा था.
साहिबगंज जिला अवैध खनन के मामलों में सबसे आगे रहा, जहां सबसे अधिक 404 वाहन जब्त किए गए. यहां 102 प्राथमिकी दर्ज हुईं और विभाग को सबसे ज्यादा राजस्व प्राप्त हुआ.
वहीं पाकुड़ में 418 वाहन जब्त किए गए. इसके अलावा दुमका, देवघर, गोड्डा, पलामू और पश्चिमी सिंहभूम समेत कई जिलों में भी अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई की गई.
खनन विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध कारोबार पर रोक लगाने के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.