Seraikela News: सरायकेला में भाजपा ने हेमंत सरकार के खिलाफ किसान विरोधी नीतियों को लेकर मोर्चा खोल दिया। सोमवार को भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) को ज्ञापन सौंपकर किसानों की 12 सूत्री मांगें रखीं। एक दिवसीय धरना देकर सरकार पर वादाखिलाफी और किसानों से विश्वासघात का आरोप लगाया गया।
3200 MSP और बकाया भुगतान पर घेरा
भाजपा नेताओं ने कहा कि चुनाव के दौरान हेमंत सरकार ने धान का 3200 रुपए प्रति क्विंटल MSP, मुफ्त बिजली, 1 रुपए फसल बीमा और सस्ती खाद-बीज देने का वादा किया था। लेकिन सरकार बनने के बाद धान क्रय केंद्र समय पर नहीं खुले और किसानों को 48 घंटे में भुगतान का दावा भी फेल हो गया। कई किसानों का करोड़ों रुपए बकाया अब तक लंबित है।
ओलावृष्टि से तबाही, मुआवजा नहीं
ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि हाल की बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से रांची समेत कई जिलों में तरबूज, खीरा और सब्जियों की फसल बर्बाद हो गई। किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर हो गई, लेकिन अब तक न तो सर्वे कराया गया और न ही उचित मुआवजा दिया गया। भाजपा ने तत्काल सर्वे कराकर राहत देने की मांग उठाई।
खाद की कालाबाजारी और योजनाओं पर सवाल
भाजपा ने सरकार पर खाद और पीडीएस सामग्री की कालाबाजारी रोकने में विफल रहने का आरोप लगाया। नेताओं ने कहा कि 266 रुपए की यूरिया 800 रुपए में बेची गई और पीडीएस नमक तक की कालाबाजारी हुई। साथ ही मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना दोबारा शुरू करने, ऋण माफी की जटिलता दूर करने, सिंचाई व्यवस्था मजबूत करने और किसानों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की मांग की गई।
आंदोलन तेज करने की चेतावनी
भाजपा ने सरकार को चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं पर जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन और व्यापक किया जाएगा। ज्ञापन के जरिए सरकार से मुफ्त और निर्वाध बिजली, 450 रुपए में गैस सिलेंडर, फसल-पशुधन बीमा में आ रही बाधाएं दूर करने और कोल्ड स्टोरेज व प्रोसेसिंग यूनिट बढ़ाने की भी मांग की गई।