Shiva Nursing Home Negligence: आदित्यपुर के शिवा नर्सिंग होम में इलाज की व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल उठे हैं. इचागढ़ निवासी पंचानंद कुमार माझी के परिजनों ने आरोप लगाया है कि हाथ में फ्रैक्चर होने के बावजूद उन्हें घंटों तक हड्डी रोग विशेषज्ञ का इंतजार कराया गया. मरीज सुबह करीब 10 बजे अस्पताल पहुंचा था, लेकिन शाम तक डॉक्टर के नहीं आने से परिजन परेशान रहे.
हाथ में फ्रैक्चर, फिर भी नहीं मिला समय पर इलाज
परिजनों के अनुसार, पंचानंद कुमार माझी का बायां हाथ फ्रैक्चर हो गया था. बेहतर उपचार की उम्मीद में वे शिवा नर्सिंग होम पहुंचे थे. अस्पताल कर्मियों से हड्डी रोग विशेषज्ञ के बारे में पूछने पर उन्हें बताया गया कि डॉक्टर एक-दो घंटे में पहुंच जाएंगे.
परिजनों का कहना है कि यह आश्वासन बार-बार दिया जाता रहा, लेकिन सुबह से शाम तक डॉक्टर नहीं पहुंचे. फ्रैक्चर की पीड़ा से जूझ रहे मरीज को लंबे समय तक अस्पताल के बाहर इंतजार करना पड़ा.
पत्रकार से बात के बाद मरीज को अंदर बुलाने का आरोप
परिजनों ने स्थानीय पत्रकार को अपनी परेशानी बताई. इसके बाद अस्पताल प्रबंधन की ओर से मरीज को अंदर बुलाया गया. परिजनों का आरोप है कि शिकायत सामने आने के बाद ही अस्पताल ने मरीज के इलाज की प्रक्रिया शुरू करने में रुचि दिखाई.
कई मरीजों को घंटों इंतजार कराने की शिकायत
पंचानंद कुमार माझी के परिजन अकेले नहीं हैं. अस्पताल में इलाज कराने पहुंचे अन्य मरीजों और उनके परिजनों ने भी इसी तरह की परेशानी होने की बात कही. लोगों का आरोप है कि अस्पताल पहुंचते ही मरीजों का पहले रजिस्ट्रेशन कर लिया जाता है, लेकिन इसके बाद उन्हें लंबे समय तक डॉक्टर के इंतजार में बैठना पड़ता है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि मरीजों को इस आशंका में रोका जाता है कि वे इलाज के लिए किसी दूसरे अस्पताल में न चले जाएं. इससे गंभीर मरीजों को भी समय पर उपचार नहीं मिल पाता.
पहले भी लगते रहे हैं लापरवाही के आरोप
स्थानीय लोगों के मुताबिक, शिवा नर्सिंग होम पर इलाज में लापरवाही के आरोप पहले भी लग चुके हैं. शिकायतों के बावजूद अस्पताल की कार्यशैली में अपेक्षित सुधार नहीं होने का आरोप लगाया जा रहा है.
मरीजों और उनके परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग से मामले की जांच कराने तथा अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग की है.