Jamshedpur Law And Order: जमशेदपुर के छह थाना क्षेत्रों में धारा 163 लागू रहने के बीच प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है. धालभूम के अनुमंडल दंडाधिकारी अर्णव मिश्रा ने कहा कि अब तक किसी भी इलाके से हिंसक प्रदर्शन, हथियारबंद विरोध या कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाले जमावड़े की सूचना नहीं मिली है. सभी क्षेत्रों में स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है.
एसडीएम ने कहा कि निषेधाज्ञा के तहत किसी भी प्रकार का हिंसक प्रदर्शन और हथियार लेकर विरोध-प्रदर्शन करना प्रतिबंधित है. प्रशासन और पुलिस लगातार हालात पर नजर रखे हुए हैं.
शांतिपूर्ण सभा और प्रदर्शन की अपील
अर्णव मिश्रा ने कहा कि प्रशासन का स्पष्ट निर्देश है कि किसी भी संगठन या समूह को यदि सभा अथवा विरोध-प्रदर्शन करना है, तो वह पूरी तरह शांतिपूर्ण तरीके से किया जाए. किसी भी गतिविधि को हिंसा या कानून-व्यवस्था की समस्या में बदलने की अनुमति नहीं दी जाएगी.
उन्होंने कहा कि धारा 163 के दौरान ऐसे जमावड़े पर विशेष नजर रखी जा रही है, जिनसे तनाव बढ़ने या शांति भंग होने की आशंका हो सकती है.
निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने पर होगी कार्रवाई
एसडीएम ने कहा कि प्रशासन उन समूहों और गतिविधियों की निगरानी कर रहा है, जो हिंसक रूप ले सकते हैं या कानून-व्यवस्था की चुनौती बन सकते हैं. यदि कोई व्यक्ति या समूह निषेधाज्ञा का उल्लंघन करता है अथवा हिंसा फैलाने की कोशिश करता है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने शहरवासियों से प्रशासन के निर्देशों का पालन करने और शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की.
गौरतलब है कि एनडीए ने शुक्रवार को जमशेदपुर बंद का आह्वान किया है. बंद का कारण शहर में बढ़ती आपराधिक घटनाओं और बिष्टुपुर स्थित डबल डाउन बार के बाहर करनी सेना नेता हिमांशु सिंह की हत्या को बताया गया है. एनडीए नेताओं का आरोप है कि हत्या, लूट, छिनतई और चापड़बाजी जैसी घटनाओं से शहर में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक हो गई है. बंद के दौरान प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है.