Gamharia: गम्हरिया अंचल के अंतर्गत झारखंड औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार (जियाडा) की करीब 3000 एकड़ जमीन के म्यूटेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस संबंध में गम्हरिया के अंचल अधिकारी (सीओ) प्रवीण कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि यह जमीन करीब 50 वर्ष पहले जियाडा द्वारा अधिग्रहित की गई थी।
मुआवजा भुगतान के बाद भी रिकॉर्ड में नहीं हुआ था बदलाव
सीओ ने बताया कि भूमि अधिग्रहण के बाद संबंधित रैयतों को नियमानुसार मुआवजा राशि का भुगतान काफी पहले किया जा चुका है। हालांकि, लंबे समय बीतने के बाद भी सरकारी रिकॉर्ड में इस भूमि का नामांतरण जियाडा के नाम पर नहीं हो सका था। इसके कारण ऑनलाइन रिकॉर्ड में अब तक पुराने रैयतों के नाम ही दर्ज दिखाई दे रहे थे।
नियमों के तहत पूरी की जा रही है म्यूटेशन प्रक्रिया
अंचल अधिकारी ने बताया कि विभागीय निर्देश के अनुसार अब इस विसंगति को दूर करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। जियाडा की ओर से ऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के बाद नियमानुसार म्यूटेशन की कार्रवाई की जा रही है। इसके तहत संबंधित पक्षों को नोटिस जारी किया जा रहा है और किसी प्रकार की आपत्ति आने पर उसकी सुनवाई के बाद ही आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
अवैध खरीद-बिक्री पर लगेगी रोक
सीओ प्रवीण कुमार ने स्पष्ट किया कि यह कोई नई जमीन का हस्तांतरण नहीं है, बल्कि पहले से अधिग्रहित सरकारी भूमि को राजस्व रिकॉर्ड में सही तरीके से दर्ज करने की प्रक्रिया है। उन्होंने कहा कि म्यूटेशन पूरा होने के बाद भविष्य में इस भूमि की गलत तरीके से खरीद-बिक्री या किसी भी प्रकार के अवैध हस्तांतरण की संभावना पर रोक लग सकेगी।