जमीन विवाद को लेकर लगाए गंभीर आरोप
घायल किसान मोतीलाल कुशवाहा का आरोप है कि इलाके में किसानों पर जमीन बेचने का दबाव बनाया जा रहा था. उनका दावा है कि जमीन बेचने से इनकार करने पर पहले विवाद हुआ, फिर मारपीट की गई और बाद में उन पर कथित तौर पर फायरिंग की गई, जिससे वह घायल हो गए. किसान के परिजनों ने भी इसी तरह के आरोप लगाए हैं. समाचार लिखे जाने तक शालिग्राम गर्ग की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
अस्पताल में इलाज, पुलिस जुटा रही साक्ष्य
घटना के बाद ग्रामीणों और परिजनों ने घायल किसान को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है. छतरपुर पुलिस ने घटनास्थल और अन्य साक्ष्यों की जांच शुरू कर दी है. अधिकारियों का कहना है कि यह भी पता लगाया जा रहा है कि घायल को गोली लगी है या नहीं और घटना किन परिस्थितियों में हुई.
जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
छतरपुर के पुलिस अधीक्षक आदित्य पटले ने बताया कि पुलिस सभी तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच कर रही है. उन्होंने कहा कि घायल किसान ने शालिग्राम गर्ग पर आरोप लगाए हैं, लेकिन जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा. पुलिस के मुताबिक जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.