Seraikela News: सरायकेला जिले के सीनी ओपी क्षेत्र में सड़क दुर्घटना से उबर रहे एक युवक की कथित तौर पर फिजियोथैरेपी के दौरान इंजेक्शन लगाए जाने के बाद मौत हो गई। मृतक की पहचान सीनी निवासी श्यामल मजूमदार के रूप में हुई है। घटना के बाद उपचार कर रहा व्यक्ति अपना चप्पल, झोला और अन्य सामान मौके पर से फरार हो गया। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।
इलाज के दौरान बिगड़ी तबीयत, परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप
परिजनों के अनुसार, 4 मार्च को रांची में हुई सड़क दुर्घटना में श्यामल गंभीर रूप से घायल हुए थे। लंबे इलाज के बाद वह घर लौटे और नियमित रूप से एक निजी फिजियोथैरेपिस्ट प्रकाश प्रजापति से उपचार करा रहे थे। आरोप है कि गुरुवार को उपचार के दौरान पेट में तेज दर्द होने पर उन्हें एक इंजेक्शन लगाया गया, जिसके तुरंत बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद उपचारकर्ता फरार, परिजनों ने की कड़ी कार्रवाई की मांग
मृतक के पिता सुखदेव मजूमदार ने आरोप लगाया कि उनके बेटे की मौत इलाज में लापरवाही के कारण हुई है। उनका कहना है कि यदि उपचार करने वाला व्यक्ति निर्दोष होता तो वह घटनास्थल छोड़कर फरार नहीं होता। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने जिले में कथित झोलाछाप चिकित्सकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा खुलासा
सूचना मिलते ही सीनी ओपी पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए सरायकेला सदर अस्पताल भेज दिया। पुलिस का कहना है कि संबंधित व्यक्ति की योग्यता, वैधानिक अनुमति और इंजेक्शन देने के अधिकार सहित सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। सीनी ओपी प्रभारी विनय कुमार सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट होंगे, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।