जोखिम समझकर ही लें नौकरी का फैसला
विदेश मंत्रालय ने कहा है कि संघर्ष प्रभावित समुद्री क्षेत्रों में संचालित या वहां से गुजरने वाले जहाजों पर काम करने से पहले मौजूदा सुरक्षा हालात का गंभीरता से आकलन करना चाहिए. केवल रोजगार के अवसर को देखते हुए निर्णय लेने के बजाय संभावित खतरों को समझना अधिक जरूरी है.
यदि कोई भारतीय नागरिक ऐसे जहाज पर काम करने का फैसला करता है, तो उसे पूरी सेवा अवधि के दौरान जहाज संचालक और संबंधित समुद्री प्राधिकरणों की ओर से जारी सभी सुरक्षा निर्देशों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी गई है.
रोजगार से पहले इन जानकारियों की करें पुष्टि
सरकार ने कहा है कि नियुक्ति स्वीकार करने से पहले नियोक्ता, भर्ती एजेंसी और जहाज संचालक से जहाज के प्रस्तावित समुद्री मार्ग, जिन बंदरगाहों पर जहाज जाएगा उनकी सुरक्षा स्थिति, जहाज पर उपलब्ध सुरक्षा इंतजाम, बीमा कवरेज, आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली, चिकित्सा सहायता, निकासी और स्वदेश वापसी की व्यवस्था समेत सभी जरूरी जानकारी प्राप्त करनी चाहिए.
इसके अलावा यह भी सुनिश्चित करने की सलाह दी गई है कि रोजगार की शर्तें अंतरराष्ट्रीय समुद्री मानकों के अनुरूप हों और किसी भी आपात स्थिति में मुआवजे से जुड़े प्रावधान स्पष्ट हों.
परिवार से संपर्क बनाए रखने की सलाह
विदेश मंत्रालय ने भारतीय नागरिकों से विदेश रवाना होने से पहले अपने परिवार को यात्रा, जहाज और कार्यस्थल की पूरी जानकारी देने की अपील की है. साथ ही सेवा के दौरान नियमित संपर्क बनाए रखने की सलाह दी गई है, ताकि जरूरत पड़ने पर समय पर सहायता उपलब्ध कराई जा सके.
मंत्रालय ने यह भी कहा है कि भारतीय नागरिक समुद्री प्रशासन महानिदेशालय और भारत सरकार के संबंधित विभागों की ओर से समय-समय पर जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करें. विशेष रूप से 23 जुलाई 2026 को जारी समुद्री सुरक्षा परामर्श का अनुपालन करने पर जोर दिया गया है.