JPSC 14th Exam Controversy: झारखंड में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित पेपर लीक, भर्ती अनियमितताओं और घोटालों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला है. भाजपा जमशेदपुर महानगर की ओर से राज्यपाल के नाम उपायुक्त के माध्यम से ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई.
भाजपा जिला अध्यक्ष संजीव सिन्हा की ओर से दिए गए ज्ञापन में कहा गया है कि पिछले कई वर्षों से प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक, भर्ती गड़बड़ी और पारदर्शिता की कमी ने लाखों युवाओं के भविष्य को प्रभावित किया है. मेहनत करने वाले अभ्यर्थी न्याय से वंचित हो रहे हैं, जिससे युवाओं में निराशा और आक्रोश बढ़ रहा है.
ज्ञापन में रांची के मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में चल रहे छात्रों के आंदोलन का उल्लेख करते हुए कहा गया कि भाजपा आंदोलनरत युवाओं की मांगों का समर्थन करती है और सरकार को इस मामले में गंभीरता से निर्णय लेना चाहिए.
ज्ञापन में उठाईं गईं प्रमुख मांगें
भाजपा ने JPSC और JSSC से जुड़े सभी पेपर लीक एवं भर्ती घोटालों की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराने की मांग की है. साथ ही मामले में शामिल दोषियों, बिचौलियों और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग भी रखी गई है.
पार्टी ने प्रतियोगी परीक्षाओं की पूरी प्रक्रिया को तकनीक आधारित, पारदर्शी और भ्रष्टाचार मुक्त बनाने, फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित कर मामलों का त्वरित निपटारा कराने तथा लंबित नियुक्तियों को निष्पक्ष तरीके से पूरा करने की भी मांग की है.
मुख्यमंत्री के इस्तीफे और JPSC अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
ज्ञापन में भाजपा ने भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए मुख्यमंत्री से इस्तीफा देने की मांग की है. इसके अलावा 14वीं JPSC परीक्षा विवाद में तत्कालीन अध्यक्ष एल. ख्यांगते के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर गिरफ्तारी, JPSC के तीनों सदस्यों की बर्खास्तगी और गिरफ्तारी की भी मांग की गई है.
उत्पाद सिपाही अभ्यर्थियों के लिए मुआवजे की मांग
भाजपा ने उत्पाद सिपाही दौड़ परीक्षा के दौरान जान गंवाने वाले सभी अभ्यर्थियों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग भी ज्ञापन में शामिल की है.
पार्टी ने अंत में राज्यपाल से आग्रह किया कि आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, क्योंकि यह मामला केवल परीक्षाओं का नहीं बल्कि झारखंड के लाखों युवाओं के भविष्य और उनके विश्वास से जुड़ा है.