Nirmal Mahato 39th Death Anniversary: झारखंड आंदोलन के प्रमुख नेताओं में शामिल रहे शहीद निर्मल महतो की 39वीं पुण्यतिथि पर शनिवार को जमशेदपुर में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन कदमा के उलियान स्थित शहीद निर्मल महतो के समाधि स्थल पहुंचे और पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. इस दौरान बड़ी संख्या में समर्थक, कार्यकर्ता और स्थानीय लोग मौजूद रहे.
समाधि स्थल पर पहुंचकर दी श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शहीद निर्मल महतो के समाधि स्थल पर श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके संघर्ष और बलिदान को याद किया. कार्यक्रम के दौरान समाधि स्थल पर बड़ी संख्या में फूल चढ़ाए गए. मुख्यमंत्री के साथ पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे. पुण्यतिथि के मौके पर लोगों ने निर्मल महतो के योगदान को याद करते हुए उन्हें नमन किया.

झारखंड आंदोलन में अहम योगदान
निर्मल महतो झारखंड अलग राज्य आंदोलन के प्रमुख नेताओं में रहे. उन्होंने झारखंड के लोगों के अधिकार, पहचान और अलग राज्य की मांग को लेकर आंदोलन को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. युवाओं और आम लोगों को आंदोलन से जोड़ने में भी उनकी अहम भूमिका मानी जाती है. उनके संघर्ष और शहादत को आज भी झारखंड आंदोलन के इतिहास में महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त है.
8 अगस्त 1987 को हुई थी निर्मल महतो की हत्या
निर्मल महतो की 8 अगस्त 1987 को जमशेदपुर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. उनकी शहादत के बाद झारखंड आंदोलन को व्यापक जनसमर्थन मिला और अलग राज्य की मांग और मजबूत हुई. हर वर्ष उनकी पुण्यतिथि पर जमशेदपुर के उलियान स्थित समाधि स्थल पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया जाता है. 39वीं पुण्यतिथि पर भी उनके संघर्ष और बलिदान को याद करते हुए लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी.