Bihar News: बिहार के मधेपुरा स्थित प्रसिद्ध सिंहेश्वरनाथ मंदिर में सावन की चौथी सोमवारी पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच अफ़रा-तफ़री मच गई. रात करीब 1 बजे मंदिर का पट खुलते ही दर्शन के लिए खड़ी भीड़ अचानक आगे बढ़ने लगी. मुख्य द्वार के पास भीड़ का दबाव इतना बढ़ गया कि कई लोग एक दूसरे पर गिरने लगे. इस घटना में 5 लोगों के घायल होने की जानकारी है.
पट खुलते ही बढ़ गया भीड़ का दबाव
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रात करीब 12.30 बजे मंदिर में विशेष सरकारी पूजा शुरू हुई थी. पूजा खत्म होने के बाद रात 1 बजे आम श्रद्धालुओं के लिए पट खोला गया. पट खुलते ही बाहर इंतजार कर रहे हजारों श्रद्धालु एक साथ आगे बढ़ने लगे. इसी दौरान मुख्य द्वार के पास भीड़ का दबाव बढ़ गया. कुछ देर के लिए वहां भगदड़ जैसी स्थिति बन गई.
लोहे की ग्रिल से टकराकर श्रद्धालु घायल
भीड़ के धक्के में एक श्रद्धालु लोहे की ग्रिल से टकराकर नीचे गिर गया. उसके सिर में गंभीर चोट लगी है. बताया जा रहा है कि सिर में फ्रैक्चर हुआ है और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है. स्थिति संभालने के दौरान कुछ पुलिसकर्मियों को भी हल्की चोट लगने की जानकारी है.
घायलों को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया
घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम ने तुरंत स्थिति संभाली. सभी घायलों को इलाज के लिए जननायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज, मधेपुरा ले जाया गया. घायलों में सुपौल के सिंटू कुमार, सहरसा की रूना देवी और मधेपुरा की सुलेना देवी शामिल हैं. गंभीर रूप से घायल श्रद्धालु की हालत पर डॉक्टर लगातार नजर रख रहे हैं.
अब छोटे समूह में मंदिर भेजे जा रहे श्रद्धालु
सावन की सोमवारी पर जल चढ़ाने के लिए रविवार रात से ही मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचने लगे थे. घटना के बाद मंदिर परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. अब श्रद्धालुओं को छोटे छोटे समूह में कतार के जरिए मंदिर के अंदर भेजा जा रहा है. इससे भीड़ का दबाव कम रखने की कोशिश की जा रही है. प्रशासन के अनुसार फिलहाल मंदिर परिसर में स्थिति नियंत्रण में है.