Jamshedpur Telco Mazdoor Union: टेल्को मजदूर यूनियन(AITUC) के बैनर तले आज बारीगोड़ा स्थित यूनियन कार्यालय में एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में टाटा मोटर्स के ठेका प्रतिष्ठान मेसर्स BVG द्वारा 10 वर्षों से कार्यरत मजदूरों को 1 जुलाई 2025 से काम से बैठा दिए जाने के खिलाफ रणनीति बनाई गई।
प्रबंधन का तर्क है कि फिलहाल कार्य नहीं है, लेकिन मजदूरों का आरोप है, कि उन्हें बाहर कर नए मजदूरों को काम पर लगाया जा रहा है। बैठक में ठेका मजदूरों ने इसे अन्यायपूर्ण बताते हुए आवाज बुलंद की।
इस अवसर पर टाटा मोटर्स के 1981 के ऐतिहासिक ठेका मजदूर आंदोलन से जुड़े वरिष्ठ श्रमिक नेता कामरेड ए.एस. विश्वकर्मा ने मजदूरों को संबोधित करते हुए कहा कि, “आपकी मांग पूरी तरह जायज़ है। आपने वर्षों तक कंपनी की सेवा की है और अब इस तरह बाहर कर देना केवल अन्याय ही नहीं, बल्कि झारखंड के आदिवासी, दलित और वंचित वर्गों के शोषण को भी उजागर करता है।”
उन्होंने कहा कि यह मामला राज्य के मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जाएगा और आंदोलन में AITUC के राज्य नेतृत्व को भी उतारा जाएगा।
22 जुलाई से टाटा मोटर्स गेट पर होगा आंदोलन टाटा मोटर्स के इस रवैये के खिलाफ मजदूरों ने निर्णय लिया है, कि आगामी 22 जुलाई 2025 से कंपनी के मुख्य गेट पर आंदोलन की शुरुआत की जाएगी। इस आंदोलन का नेतृत्व AITUC के राज्य सचिव एवं टेल्को मज़दूर यूनियन के महासचिव अंबुज कुमार ठाकुर करेंगे।
मजदूरों ने इस संबंध में राज्य के श्रम मंत्री तथा संबंधित विभागीय अधिकारियों से शिकायत करने का निर्णय भी लिया है।
बैठक में मुख्य रूप से सुभाष मुखी, संध्या महतो सहित बड़ी संख्या में वे मजदूर उपस्थित थे, जिन्हें बिना किसी पूर्व सूचना के कार्य से हटा दिया गया है।
मजदूरों ने चेतावनी दी है, कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को तेज किया जाएगा और राज्यव्यापी समर्थन जुटाकर टाटा मोटर्स के प्रबंधन को जवाब दिया जाएगा।