प्रमुख ठंडे क्षेत्र
पलामू प्रमंडल सबसे अधिक प्रभावित है, जहां डालटनगंज में न्यूनतम तापमान 8.5 दर्ज किया गया। वहीं, अन्य जिलों में भी ठंड बढ़ी है। शीतलहर की मार जिन जिलों पर पड़ने की आशंका है, उनमें गढ़वा, पलामू, चतरा, हजारीबाग, रामगढ़, रांची, खूंटी, सिमडेगा, गुमला, और लोहरदगा शामिल हैं। चाईबासा में भी पारा 11 के करीब रहा।
मौसम का हाल और राहत की उम्मीद
मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक मौसम शुष्क रहेगा, और बारिश की कोई संभावना नहीं है। आसमान साफ रहने का अनुमान है, जबकि सुबह के समय हल्का कोहरा देखने को मिल सकता है। हालांकि, रांची मौसम विज्ञान केंद्र ने थोड़ी राहत की खबर दी है कि 17 नवंबर के बाद तापमान में हल्की बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे कड़ाके की ठंड से कुछ राहत मिलेगी।
स्वास्थ्य सलाह
गिरते तापमान को देखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। ठंड से सर्दी-जुकाम, फ्लू और नाक से खून जैसी दिक्कतों का खतरा बढ़ जाता है। लोगों को अनावश्यक रूप से ठंड में बाहर न रहने, गरम कपड़े पहनने और कंपकंपी महसूस होने पर इसे नजरअंदाज न करने की सलाह दी गई है। विशेषज्ञों ने शीतदंश के खतरे से भी आगाह किया है, जिसमें त्वचा पीली, कठोर और सूखी हो सकती है।