Jamshedpur: फेडरेशन ऑफ झारखंड चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष (कोल्हान) विजय आनंद मूनका ने झारखंड राज्य के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन को पत्र लिखकर धालभूमगढ़ में प्रस्तावित एयरपोर्ट के शीघ्र निर्माण की आवश्यकता पर जोर दिया है। उन्होंने यह सुझाव भी दिया कि इस एयरपोर्ट का नाम दिशोम गुरु शिबू सोरेन इंटरनेशनल एयरपोर्ट के रूप में रखा जाए, ताकि झारखंड और कोल्हान के लोगों की ओर से उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि दी जा सके।
जमशेदपुर स्टील सिटी की पहचान
उपाध्यक्ष विजय आनंद मूनका ने पत्र में लिखा है कि जमशेदपुर की स्थापना को अब 100 साल से अधिक समय हो गया है। यह शहर न केवल देश के प्रतिष्ठित औद्योगिक केंद्रों में शामिल है, बल्कि इसे स्टील सिटी और झारखंड की आर्थिक राजधानी के रूप में भी जाना जाता है। इसके बावजूद आज तक जमशेदपुर का समग्र विकास पूरी तरह नहीं हो पाया है। ऐसे में एयरपोर्ट का निर्माण अत्यंत आवश्यक है।
रांची और कोलकाता की यात्रा से मिलेगी छुटकारा
जमशेदपुर और आसपास के क्षेत्रों में हजारों बड़े मध्यम और लघु उद्योग कार्यरत हैं। हवाई अड्डे की अनुपस्थिति के कारण छात्रों को पढ़ाई के लिए, मरीजों को इलाज के लिए और आम लोगों को हवाई यात्रा के लिए रांची या कोलकाता जाना पड़ता है। इससे समय की बर्बादी और असुविधा भी बढ़ती है। एयरपोर्ट बनने से न केवल लोगों की यात्रा आसान होगी, बल्कि क्षेत्र का आर्थिक विकास भी तेज़ होगा और नए निवेश के अवसर भी खुलेंगे।
2018-19 में हुआ था शिलान्यास, अब कार्यवाही की आवश्यकता
धालभूमगढ़ एयरपोर्ट का शिलान्यास 2018-19 में किया गया था, लेकिन तब से अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उपाध्यक्ष मूनका ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि राज्य के विकास के लिए संकल्पित और सक्रिय नेतृत्व दिखाते हुए इस परियोजना को शीघ्र आगे बढ़ाया जाए। उनका मानना है कि एयरपोर्ट का निर्माण झारखंड की आर्थिक राजधानी के लिए वरदान साबित होगा और राज्य के विकास को नई दिशा देगा।