Jharkhand: पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पहाड़ी राज्यों में भयंकर बर्फबारी का असर अब मैदानी इलाकों पर दिखने लगा है. झारखंड में कड़ाके की शीतलहर ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है. राज्य के कई जिलों में तापमान में अचानक भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे गलन वाली ठंड महसूस हो रही है.
पारा 10°C से नीचे, टूटा 4 साल का रिकॉर्ड
दिसंबर के दूसरे सप्ताह से पहले ही, ठंड ने प्रदेश में विकराल रूप ले लिया है. इस सीजन में पहली बार, शनिवार (6 दिसंबर) को न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे (9.4 डिग्री सेल्सियस) पहुंच गया, जो चार साल का रिकॉर्ड तोड़ गया है. राजधानी रांची समेत कई इलाके भीषण सर्दी की चपेट में हैं.
11 जिलों के लिए येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए रांची, खूंटी, रामगढ़, बोकारो, सिमडेगा, गुमला, लोहरदगा, चतरा, लातेहार, पलामू और गढ़वा जिलों के लिए शीतलहर का येलो अलर्ट जारी किया है. इन इलाकों में लोगों को कड़ाके की ठंड से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है.
आगे कैसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, रविवार (7 दिसंबर) सुबह के बाद, राज्य में अगले दो दिन आंशिक बादल छाए रहने की संभावना है. हालांकि, इससे अधिकतम तापमान में मामूली बदलाव के ही आसार हैं. लोगों को अगले कुछ दिनों तक ठंड से राहत मिलने की उम्मीद कम है.
लोगों से अपील
मौसम विभाग के येलो अलर्ट को गंभीरता से लें, यह ठंड अगले कुछ दिनों तक जारी रहने की संभावना है। बाहर जाने से पहले गर्म कपड़े पहने अच्छे से कान और सर को ढक कर रखे, आपकी थोड़ी सी सावधानी आपको और आपके परिवार को इस कड़ाके की ठंड से सुरक्षित रखेगी।