Jamshedpur: टाटा समूह के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने नए वर्ष के अवसर पर टाटा समूह से जुड़ी सभी कंपनियों के कर्मचारियों, साझेदारों और अन्य हितधारकों को संबोधित करते हुए एक विस्तृत संदेश जारी किया है। उन्होंने सभी को नववर्ष की शुभकनाएं देते हुए आने वाले समय के लिए समूह की रणनीति और प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया।
अपने संदेश में चंद्रशेखरन ने कहा कि वर्ष 2026 में टाटा समूह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डेटा-आधारित तकनीकों के उपयोग को तेज़ी से आगे बढ़ाएगा। उन्होंने बताया कि डिजिटल क्षमताओं को मजबूत करना और आधुनिक तकनीकों को व्यवसाय के हर स्तर पर अपनाना समूह की प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके साथ ही एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग के क्षेत्र में भी बड़े स्तर पर विस्तार किया जाएगा, ताकि उत्पादन क्षमता, गुणवत्ता और वैश्विक प्रतिस्पर्धा को और मजबूत किया जा सके।
उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि भारत को वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग और टेक्नोलॉजी हब के रूप में स्थापित करने के लिए ऐसे कदम बेहद आवश्यक हैं। इसके लिए भविष्य की ज़रूरतों को ध्यान में रखते हुए कुशल और सक्षम टैलेंट का विकास सबसे अहम है। उन्होंने कहा कि टाटा समूह इस दिशा में बड़े पैमाने पर निवेश कर रहा है, ताकि आने वाले वर्षों में उद्योग को नेतृत्व देने वाली प्रतिभाएँ तैयार की जा सकें।
एन. चंद्रशेखरन ने यह भी स्पष्ट किया कि टाटा समूह सस्टेनेबिलिटी (स्थिरता) को अपने विकास का केंद्र बनाए हुए है। उन्होंने बताया कि समूह इलेक्ट्रिक मोबिलिटी (EV) को बढ़ावा देने के साथ-साथ ग्रीन स्टील के उत्पादन पर भी विशेष ध्यान दे रहा है। उनका कहना था कि पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी निभाते हुए विकास करना आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है और टाटा समूह इस दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है।
अपने संदेश में उन्होंने बीते वर्ष 2025 का भी उल्लेख किया और कहा कि यह वर्ष कई मायनों में चुनौतियों और कठिन परिस्थितियों से भरा रहा। कुछ अप्रत्याशित घटनाओं ने पूरे समूह को गहराई से प्रभावित किया। उन्होंने विशेष रूप से एयर इंडिया की उड़ान दुर्घटना को याद करते हुए गहरा शोक व्यक्त किया और कहा कि ऐसी घटनाएं सभी के लिए अत्यंत पीड़ादायक होती हैं।
आखिर में टाटा समूह के चेयरमैन ने कहा कि आने वाला समय भी आसान नहीं होगा। भारत और टाटा समूह दोनों के सामने कई प्रकार की चुनौतियाँ मौजूद हैं। ऐसे में ज़रूरी है कि हम सभी सतर्क, तैयार और एकजुट रहें, ताकि न केवल कंपनी को आगे बढ़ाया जा सके, बल्कि देश के विकास में भी सार्थक योगदान दिया जा सके।
उन्होंने विश्वास जताया कि सामूहिक प्रयास, नवाचार और दृढ़ संकल्प के साथ टाटा समूह आने वाले वर्षों में नई ऊंचाईयों को छुएगा।