National News: बीसीसीआई ने IPL फ्रेंचाइजी कोलकाता नाइट राइडर्स को लेकर बड़ा फैसला लिया है. बोर्ड ने केकेआर को बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को टीम से रिलीज करने का निर्देश दिया है. यह फैसला बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं के खिलाफ सामने आई हिंसा की घटनाओं के बाद लिया गया है.
हाल के दिनों में सामने आए घटनाक्रमों को देखते हुए बोर्ड ने यह कदम उठाया
बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने कहा है कि हाल के दिनों में सामने आए घटनाक्रमों को देखते हुए बोर्ड ने यह कदम उठाया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि कोलकाता नाइट राइडर्स को अपने खिलाड़ी मुस्तफिजुर रहमान को टीम से हटाने के लिए कहा गया है. साथ ही यह भी बताया गया है कि अगर फ्रेंचाइजी किसी रिप्लेसमेंट खिलाड़ी की मांग करती है तो उसे मंजूरी दी जाएगी.
9.2 करोड़ रुपये में खरीदा था KKR ने मुस्तफिजुर रहमान को
कोलकाता नाइट राइडर्स ने मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल 2026 के मिनी ऑक्शन में 9.2 करोड़ रुपये में खरीदा था. यह ऑक्शन पिछले महीने अबूधाबी में आयोजित हुआ था. इस खरीद के साथ ही मुस्तफिजुर आईपीएल इतिहास में बांग्लादेश के सबसे महंगे खिलाड़ी बन गए थे.
मुस्तफिजुर रहमान बांग्लादेश के अनुभवी तेज गेंदबाज हैं और दुनिया की कई टी20 लीगों में हिस्सा ले चुके हैं. वह साल 2016 से आईपीएल खेल रहे हैं. इस दौरान वह सनराइजर्स हैदराबाद मुंबई इंडियंस राजस्थान रॉयल्स दिल्ली कैपिटल्स और चेन्नई सुपर किंग्स का हिस्सा रह चुके हैं. आईपीएल में अब तक उन्होंने 60 मैचों में 65 विकेट लिए हैं.
फ्रेंचाइजी को सोशल मीडिया पर करना पड़ा आलोचना का सामना
मुस्तफिजुर को केकेआर में शामिल किए जाने के बाद फ्रेंचाइजी को सोशल मीडिया पर तीखी आलोचना का सामना करना पड़ा. फैन्स के साथ साथ कुछ राजनेताओं और साधु संतों ने भी इस फैसले पर आपत्ति जताई थी. अगस्त 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद बांग्लादेश में राजनीतिक अस्थिरता बढ़ी है और कई हिंसक घटनाएं सामने आई हैं. हाल ही में दो हिंदुओं की हत्या के बाद बांग्लादेश के खिलाफ देशभर में विरोध तेज हो गया है.
अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का असर अब सीधे आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट पर
बीसीसीआई का यह फैसला खेल और राजनीतिक परिस्थितियों के टकराव को दिखाता है. अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का असर अब सीधे आईपीएल जैसे बड़े टूर्नामेंट पर भी नजर आने लगा है. यह मामला भविष्य में विदेशी खिलाड़ियों की भागीदारी और फ्रेंचाइजियों की रणनीति को लेकर नई बहस को जन्म दे सकता है.