Jharkhand News: झारखंड सरकार ने राज्य में ठोस कचरा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. राज्य सरकार अब ठोस कचरा प्रबंधन नियम 2026 को लागू करने की तैयारी में जुट गई है. इस संबंध में विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय कोर कमेटी की बैठक आयोजित की गई, जिसमें शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में नई व्यवस्था लागू करने को लेकर कई अहम निर्देश दिए गए.
सरकार ने बताया कि ठोस कचरा प्रबंधन नियम 2026 पूरे देश में 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगे. इसे देखते हुए झारखंड के सभी जिलों को विस्तृत कार्य योजना तैयार करने का निर्देश दिया गया है ताकि नई व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा सके.
हर जिले में बनेंगे 2 से 3 कचरा क्लस्टर
नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक जिले में दो से तीन क्लस्टर विकसित किए जाएंगे। इन क्लस्टरों में कचरे का वैज्ञानिक तरीके से प्रोसेसिंग और निस्तारण किया जाएगा. इसके साथ ही पंचायत स्तर पर कचरा पृथक्करण के लिए अलग स्थान चिन्हित करने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि गीले और सूखे कचरे को शुरुआत में ही अलग किया जा सके.
घर-घर से होगा कचरा संग्रहण
सरकार ने घर-घर कचरा संग्रहण व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए थर्ड पार्टी एजेंसियों की मदद लेने का फैसला किया है. इसके तहत चार खानों वाले ई-रिक्शा का उपयोग किया जाएगा, जिससे कचरे का स्रोत पर ही अलगाव संभव हो सके. ग्रामीण इलाकों में ट्राइसाइकिल के माध्यम से कचरा संग्रहण की योजना बनाई गई है.
आबादी और जल स्रोतों से दूर बनेंगे प्लांट
बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि कचरा प्रोसेसिंग प्लांट ऐसे स्थानों पर स्थापित किए जाएं जो आबादी, अस्पतालों और जल स्रोतों से दूर हों. इसके अलावा पुराने डंपिंग साइटों की सफाई कराने और वहां वृक्षारोपण करने का भी निर्देश दिया गया है ताकि पर्यावरण को सुरक्षित रखा जा सके.
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े सभी जिलों के अधिकारी
बैठक में विभिन्न विभागों के सचिवों के अलावा राज्य के सभी जिलों के उपायुक्त वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल हुए. अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि नई व्यवस्था लागू करने में किसी प्रकार की लापरवाही न हो और तय समय सीमा के भीतर सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं.