जमशेदपुर: टाटानगर–चाईबासा मेमू ट्रेन (68137) के रोज़ाना देर से चलने से यात्रियों, खासकर महिलाओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.आदित्यपुर स्टेशन से चाईबासा जाने आई महिलाओं ने ट्रेन की देरी और रेलवे व्यवस्था को लेकर रेल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं.
देर रात यात्रा करने वाली महिलाओं का कहना है कि ट्रेन का निर्धारित समय रात के 9:04 बजे है,लेकिन अक्सर 9:30 बजे तक भी ट्रेन का कोई अता-पता नहीं रहता है. यात्रियों के अनुसार यह समस्या हर रोज की है और कई बार ये ट्रेन तो 11:30 से 12:00 बजे के बीच पहुंचती है, जिससे यात्रा पूरी तरह अनिश्चित हो जाती है.
रात के समय कोई रेल कर्मी मौजूद नहीं
यात्रियों ने बताया कि मोबाइल ऐप पर बार-बार ट्रेन का स्टेटस दिखता तो है, लेकिन हकीकत में ट्रेन देर से ही आती है.साथ ही रात के समय स्टेशन पर सही जानकारी देने के लिए कोई रेलवे कर्मी भी मौजूद नहीं रहता, जिससे यात्रियों को ट्रेन की सही स्थिति जानने में परेशानी होती है.
महिला यात्री ने सुरक्षा के लिए जताई चिंता
साथ ही महिला यात्रियों ने रात के समय आदित्यपुर स्टेशन पर सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है.उनका कहना है कि रात के समय स्टेशन पर यात्रियों की आवाजाही बेहद कम होने के कारण स्टेशन काफी सुनसान हो जाता है और ऐसे रात के समय लंबे समय तक इंतजार करना, खासकर महिलाओं के लिए सुरक्षित नहीं है. आस पास के लोगों का कहना है कि अगर ज्यादा देर हो जाए तो समझ नहीं आता कि क्या करें और कैसे जाएं. उनका कहना है कि खासकर नए और बाहरी यात्रियों को इस अव्यवस्था के कारण काफी परेशानी उठानी पड़ती है.
यात्रियों ने रेल प्रशासन से की मांग
यात्रियों ने रेल प्रशासन से मांग की है कि मेमू ट्रेन के समय का सख्ती से पालन कराया जाए, ट्रेनों के संचालन में सुधार किया जाए और स्टेशन पर यात्रियों को सही व समय पर जानकारी देने की व्यवस्था की जाए.
इसके साथ ही अब सवाल यह है कि चक्रधरपुर रेल मंडल कब जागेगा और कब यात्रियों, खासकर महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा को गंभीरता से लिया जाएगा.