Jharkhand Political News: केंद्रीय शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल खट्टर के हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि मनरेगा का नाम बदलने के विरोध में चल रहे कांग्रेस के देशव्यापी आंदोलन से भाजपा घबरा गई है. इसी घबराहट में अब उसके केंद्रीय मंत्री जनता को गुमराह करने वाले बयान दे रहे हैं.
भाजपा के राज में भ्रष्टाचार, सत्ता का दुरुपयोग और अहंकार
केशव महतो ने कहा कि भाजपा की राजनीति में भ्रष्टाचार, सत्ता का दुरुपयोग और अहंकार ऊपर से लेकर नीचे तक फैल चुका है. उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा पहले भी किसानों के साथ ऐसा कर चुकी है, जब तीन कृषि कानूनों के फायदे गिनाए गए थे. उसी तरह अब मनरेगा को लेकर भी झूठी बातें फैलाकर लोगों को भ्रमित किया जा रहा है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा पहले जातीय जनगणना कराने से इनकार करती रही और अब मनरेगा को कमजोर करने की कोशिश कर रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि बायोमेट्रिक व्यवस्था को पारदर्शिता के नाम पर लागू किया जा रहा है, लेकिन असल में यह गरीब और कम पढ़े-लिखे मजदूरों को योजना से बाहर करने का जरिया बन रही है. इससे लाखों जरूरतमंद मजदूर रोजगार से वंचित हो सकते हैं.
बिना सहमति वित्तीय जिम्मेदारी संविधान उल्लंघन
केशव महतो ने यह भी कहा कि राज्य सरकार की सहमति के बिना वित्तीय जिम्मेदारी तय करना संविधान के अनुच्छेद 258 का उल्लंघन है. यह कदम देश की संघीय व्यवस्था पर सीधा हमला है. उनके अनुसार, नया कानून मनरेगा जैसी ऐतिहासिक और गरीबों के लिए सबसे सफल योजना को धीरे-धीरे खत्म करने की सोची-समझी साजिश है.
उन्होंने केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर को याद दिलाया कि वर्ष 2005 में मनरेगा कानून सर्वसम्मति से संसद में पारित हुआ था. इस कानून के मसौदे को स्थायी समिति के पास भेजा गया था, जिसके अध्यक्ष उस समय भाजपा के वरिष्ठ नेता कल्याण सिंह थे. समिति की सिफारिशों को मानकर ही मनरेगा को लागू किया गया था.
कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि वह मनरेगा के अस्तित्व और मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए सड़क से संसद तक संघर्ष जारी रखेगी और भाजपा की कथित जनविरोधी नीतियों का विरोध करती रहेगी.