रांची : 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस मुख्यालय, झारखंड में आयोजित समारोह के दौरान पुलिस महानिदेशक, झारखंड ने राज्यवासियों, पुलिस अधिकारियों, जवानों, मीडिया प्रतिनिधियों और उपस्थित नागरिकों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी। इस मौके पर उन्होंने ईश्वर से झारखंड पुलिस के सभी कर्मियों एवं उनके परिवारों के लिए उत्तम स्वास्थ्य, सुख और समृद्धि की कामना की।
2025 में कुल 326 नक्सलियों को गिरफ्तार
अपने संबोधन में पुलिस महानिदेशक ने वर्ष 2025 के दौरान झारखंड पुलिस द्वारा की गई प्रमुख उपलब्धियों की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि राज्य में नक्सलवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। वर्ष 2025 में कुल 326 नक्सलियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 38 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया। वहीं 32 नक्सली पुलिस मुठभेड़ों में मारे गए। उन्होंने कहा कि झारखंड को नक्सल मुक्त बनाने की दिशा में पुलिस पूरी प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ रही है।
2025 में कुल 30 अपराधी गिरफ्तार
पुलिस महानिदेशक ने संगठित अपराध और आतंकी गतिविधियों पर भी चिंता जताते हुए कहा कि एंटी टेररिस्ट स्क्वाड (ATS) द्वारा वर्ष 2025 में कुल 30 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें प्रतिबंधित संगठन HIZB UT-TAHRIR से जुड़े 5 सक्रिय क्रियावादी भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।
2025 में लगभग 58.77 करोड़ रुपये मूल्य के अवैध मादक पदार्थ हुए जब्त
अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ की गई कार्रवाई का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि वर्ष 2025 में इस संबंध में 706 मामले दर्ज किए गए, जिनमें 883 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान लगभग 58.77 करोड़ रुपये मूल्य के अवैध मादक पदार्थ जब्त किए गए। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे के कारोबार के खिलाफ झारखंड पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति है।
साइबर अपराध मामले में 1268 अभियुक्त गिरफ्तार
साइबर अपराध के बढ़ते मामलों पर बोलते हुए पुलिस महानिदेशक ने कहा कि डिजिटल अपराधों के विरुद्ध भी झारखंड पुलिस ने सख्त कदम उठाए हैं। वर्ष 2025 में साइबर अपराध से जुड़े 1413 मामले दर्ज किए गए, जिनमें 1268 अभियुक्तों की गिरफ्तारी हुई। इस दौरान 90.88 लाख रुपये नकद और अन्य अवैध सामग्री जब्त की गई, 38.67 करोड़ रुपये की राशि फ्रीज की गई तथा 1.48 करोड़ रुपये की राशि पीड़ितों को वापस दिलाई गई। उन्होंने बताया कि ‘प्रतिबिंब’ ऐप के माध्यम से 140 मामलों में 642 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, साथ ही 1008 मोबाइल फोन और 1332 सिम कार्ड भी जब्त किए गए।
आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित हो
इसके अलावा मुख्यमंत्री के निर्देश पर राज्यभर में आयोजित किए जा रहे जन शिकायत समाधान कार्यक्रमों का उल्लेख करते हुए पुलिस महानिदेशक ने कहा कि इन कार्यक्रमों से आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित हो रहा है। उन्होंने कहा कि जनता और पुलिस के बीच विश्वास बढ़ाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है।
गणतंत्र दिवस याद करने का अवसर
समारोह के अंत में पुलिस महानिदेशक ने कहा कि गणतंत्र दिवस देश के स्वतंत्रता सेनानियों और संविधान निर्माताओं के त्याग को स्मरण करने का अवसर है। उन्होंने दोहराया कि झारखंड पुलिस संविधान के मूल्यों के अनुरूप कार्य करते हुए राज्य को अपराध और नक्सलवाद मुक्त बनाने के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है।