इस अवसर पर दलमा की तलहटी स्थित बोड़ाम प्रखंड के पाकोटोड़ा, गागीबूरु, बेल्डीहटोला एवं डांगडुंग गांवों में निवासरत 60 सबर परिवारों के बीच एक माह का सूखा राशन एवं दैनिक उपयोग की सामग्री का वितरण किया गया। इस वर्ष स्वर्गीय आशीष डे की जयंती को पूरी तरह सबर परिवारों के नाम समर्पित किया गया।
अभियान के अंतर्गत प्रत्येक परिवार को लगभग 20 प्रकार की आवश्यक सामग्री के साथ एक माह का सूखा राशन उपलब्ध कराया गया। इसके अलावा 20 सबर परिवारों के घरों की क्षतिग्रस्त छतों को मजबूत प्लास्टिक शीट से ढकवाया गया, जिससे उन्हें तेज धूप एवं बारिश से राहत मिल सके। डोलन डे ने स्वयं कई घरों की टूटी छतों को ढककर मानवीय संवेदना का उदाहरण प्रस्तुत किया।
खुशियाली पैक के तहत प्रति परिवार एक साड़ी, एक धोती, कॉपी, पेंसिल, रबर, ब्रेड, केक, बिस्किट, भुजिया सहित बच्चों के लिए आवश्यक सामग्री वितरित की गई। साथ ही चिकित्सकीय परामर्श के आधार पर दवाइयां, फर्स्ट एड बॉक्स, सैवलॉन, फिनाइल सहित स्वास्थ्य एवं स्वच्छता से जुड़ी सामग्री भी प्रदान की गई।
इस मौके पर डोलन डे ने कहा कि साकची श्रीलेदर्स परिवार की सोच हमेशा से समाज के अंतिम पायदान पर खड़े सबर एवं आदिवासी परिवारों तक पहुंचकर उनके जीवन में खुशियां लाने की रही है। इसी उद्देश्य से इस वर्ष स्वर्गीय आशीष डे की जयंती इन परिवारों के नाम समर्पित की गई।
अभियान में सहयोगी संस्था के रूप में प्रतीक संघर्ष फाउंडेशन ने पूरी बागडोर संभाली। कार्यक्रम में साकची श्रीलेदर्स की ओर से डोलन डे, उनकी पुत्रवधू, संजय चौधरी, स्वपन महतो, मास्टर निवारण सिंह एवं विभूति सिंह उपस्थित रहे। वहीं टीम पीएसएफ की ओर से निदेशक अरिजीत सरकार, स्नेहा सरकार, कुमारेस हाजरा, दीपक कुमार मित्रा, तपन चंदा, भास्कर कुंडू, उत्तम कुमार गोराई, रवि शंकर, कमल कुमार घोष, सौरभ चटर्जी, किशोर साहू, अनिल प्रसाद, फुलचंद सिंह सरदार एवं सुभाष साहिस शामिल रहे।