HEC Land Scam: एचईसी की जमीन खरीद-बिक्री में हुए बड़े फर्जीवाड़े के आरोपी प्रसेनजीत पांडा की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया. जस्टिस आनंद सेन ने रांची एसएसपी को सीधे तौर पर तलब करते हुए पूछा कि इतना समय बीत जाने के बाद भी पुलिस ने इस मामले के आरोपियों को गिरफ्तार क्यों नहीं किया है. अदालत ने मामले की जांच की गति पर भी सवाल उठाए.
एसएसपी ने दिया आश्वासन
अदालत के कड़े रुख के बाद रांची एसएसपी ने आश्वासन दिया कि पुलिस इस मामले में पूरी तत्परता से काम कर रही है. उन्होंने कोर्ट को भरोसा दिलाया कि जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी और सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. एसएसपी के इस बयान के बाद अब पुलिस पर आरोपियों को जल्द सलाखें के पीछे भेजने का भारी दबाव है.
करोड़ों की ठगी का मामला
जानकारी के अनुसार, एचईसी की जमीन को अवैध तरीके से बेचने के इस खेल में प्रसेनजीत पांडा और महाप्रबंधक प्रमोद कुमार बेहेरा समेत कई लोग नामजद आरोपी हैं. इन पर धुर्वा थाने में 3.15 करोड़ रूपए से अधिक की ठगी करने के आरोप में प्राथमिकी (FIR) दर्ज है. आरोप है कि फर्जी दस्तावेजों के सहारे सरकारी जमीन का सौदा किया गया.
धुर्वा थाने में दर्ज है केस
यह मामला रांची के धुर्वा थाने में दर्ज है, जहां पुलिस लंबे समय से जांच का दावा कर रही है. हालांकि, हाई कोर्ट की हस्तक्षेप के बाद अब इस हाई-प्रोफाइल मामले में तेजी आने की उम्मीद है. जमीन के इस फर्जीवाड़े ने एचईसी प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं.