Railway Update: झारखंड और बिहार के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए अच्छी खबर है. यात्रियों की बढ़ती संख्या और बेहतर यात्रा सुविधा को ध्यान में रखते हुए दक्षिण पूर्व रेलवे ने टाटानगर बक्सर टाटानगर एक्सप्रेस में स्थायी रूप से एक अतिरिक्त कोच जोड़ने का फैसला किया है. रेलवे के इस कदम से खासकर सामान्य श्रेणी के यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है.
बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने लिया अहम फैसला
रेलवे द्वारा जारी सूचना के अनुसार ट्रेन संख्या 18183 और 18184 टाटानगर बक्सर टाटानगर एक्सप्रेस में एक अतिरिक्त एलडब्ल्यूएससीजेड द्वितीय श्रेणी सीटिंग कोच जोड़ा जाएगा. इस बदलाव के बाद ट्रेन में कुल कोचों की संख्या 20 से बढ़कर 21 हो जाएगी. नया कोच सामान्य श्रेणी के यात्रियों के लिए उपलब्ध रहेगा, जिससे अधिक यात्रियों को सीट मिल सकेगी और भीड़भाड़ में कमी आएगी.
जून से लागू होगी नई कोच व्यवस्था
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक ट्रेन संख्या 18183 टाटानगर बक्सर एक्सप्रेस में संशोधित कोच संरचना 5 जून 2026 से लागू होगी. इस दिन टाटानगर से रवाना होने वाली सेवा में अतिरिक्त कोच लगाया जाएगा.
वहीं ट्रेन संख्या 18184 बक्सर टाटानगर एक्सप्रेस में यह व्यवस्था 6 जून 2026 से प्रभावी होगी. बक्सर से चलने वाली सेवा में भी यात्रियों को अतिरिक्त कोच की सुविधा मिलने लगेगी.
हजारों यात्रियों को मिलेगा सीधा लाभ
दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल के जनसंपर्क अधिकारी सह वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक कमलेश ने बताया कि अतिरिक्त कोच जोड़े जाने से यात्रियों के लिए अधिक सीटों की व्यवस्था उपलब्ध होगी. इससे यात्रा पहले की तुलना में अधिक सुविधाजनक और आरामदायक बनेगी.
उन्होंने कहा कि इस फैसले से टाटानगर, चक्रधरपुर, पश्चिमी सिंहभूम समेत झारखंड और बिहार के बीच नियमित रूप से सफर करने वाले हजारों यात्रियों को सीधा फायदा मिलेगा.
यात्रियों की सुविधा बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
रेलवे लगातार यात्रियों की जरूरतों और बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए सुविधाओं का विस्तार कर रहा है. टाटानगर बक्सर एक्सप्रेस में अतिरिक्त कोच जोड़ने का फैसला भी इसी दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. इससे सामान्य श्रेणी के डिब्बों पर दबाव कम होगा और यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव मिल सकेगा.
दक्षिण पूर्व रेलवे का यह निर्णय झारखंड और बिहार के यात्रियों के लिए राहत भरा साबित हो सकता है. अतिरिक्त कोच जुड़ने से सीटों की उपलब्धता बढ़ेगी, भीड़भाड़ कम होगी और यात्रियों को अधिक सुविधाजनक यात्रा का लाभ मिलेगा.