Dhanbad News: बैंकिंग इतिहास के चर्चित मामलों में शामिल धनबाद SBI घोटाला मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने बड़ी कार्रवाई की है. करीब 20 वर्षों से फरार चल रहे दो आरोपियों को अलग-अलग राज्यों से गिरफ्तार कर लिया गया है. लंबे समय तक पहचान छिपाकर रहने वाले दोनों आरोपियों तक पहुंचने के लिए जांच एजेंसी ने तकनीकी इनपुट और खुफिया नेटवर्क का सहारा लिया.
2005 में सामने आया था करोड़ों की हेराफेरी का मामला
यह मामला धनबाद स्थित भारतीय स्टेट बैंक की मुख्य शाखा से जुड़ा है, जहां वर्ष 2005 में वित्तीय गड़बड़ी और करोड़ों रुपये की अनियमितता का खुलासा हुआ था. इसके बाद CBI ने मामले की जांच शुरू की थी.
जांच के दौरान कई संदिग्धों के नाम सामने आए थे, लेकिन कार्रवाई शुरू होने से पहले कुछ आरोपी फरार हो गए. लंबे समय तक उनकी तलाश जारी रही. जांच एजेंसी को जानकारी मिली थी कि आरोपी देश से बाहर भी छिपे रहे.
अलग-अलग राज्यों में छिपे थे आरोपी
CBI की टीम ने लगातार इनपुट जुटाने के बाद दोनों आरोपियों की मौजूदगी का पता लगाया. इसके बाद टीमों ने महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ में कार्रवाई करते हुए उन्हें पकड़ लिया. गिरफ्तार आरोपियों में एक को महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले से जबकि दूसरे को रायपुर से पकड़ा गया है. दोनों पर पहले से कानूनी कार्रवाई लंबित थी और उनकी तलाश लंबे समय से की जा रही थी.
रेड कॉर्नर नोटिस भी हुआ था जारी
फरार रहने के दौरान आरोपियों के खिलाफ जांच एजेंसी ने कई स्तरों पर कार्रवाई की थी. उनकी गिरफ्तारी के लिए रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था और उन्हें घोषित अपराधी भी बनाया गया था.
CBI के लिए बड़ी सफलता
CBI अधिकारियों के अनुसार, दोनों आरोपियों को अब न्यायिक प्रक्रिया के तहत अदालत में पेश किया जाएगा. लगभग दो दशक पुराने मामले में हुई यह गिरफ्तारी जांच एजेंसी की बड़ी कामयाबी मानी जा रही है.