Ranchi News : बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा, होटवार में महिला कैदी के गर्भवती होने और कथित यौन शोषण के मामले में झारखंड हाईकोर्ट में मंगलवार को सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान राज्य सरकार ने मेडिकल बोर्ड और न्यायिक जांच की रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में अदालत के समक्ष प्रस्तुत की। हाईकोर्ट ने दोनों रिपोर्टों का अवलोकन करने के बाद मामले की अगली सुनवाई के लिए 9 जुलाई की तारीख निर्धारित की है।
मेडिकल और न्यायिक जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश
मुख्य न्यायाधीश एम.एस. सोनक और न्यायमूर्ति राजेश शंकर की खंडपीठ के समक्ष राज्य सरकार ने मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट और न्यायिक जांच रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में सौंपी। इसके अलावा न्यायिक कमिश्नर, रांची की ओर से जांच की वर्तमान स्थिति संबंधी स्टेटस रिपोर्ट भी अदालत में प्रस्तुत की गई। इससे पहले हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट और न्यायिक जांच रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया था।
19 मई को दिए गए थे न्यायिक जांच के आदेश
राज्य सरकार ने अदालत को बताया कि न्यायिक कमिश्नर, रांची ने 19 मई 2026 को जुडिशियल मजिस्ट्रेट-11 को बीएनएसएस की धारा 196(2)(बी) के तहत मामले की न्यायिक जांच कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया था। उसी के आधार पर जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई और रिपोर्ट तैयार कर अदालत में प्रस्तुत की गई। यह मामला उस समय चर्चा में आया था जब प्रतिपक्ष के नेता बाबूलाल मरांडी ने इसे उठाया और मीडिया में भी इससे जुड़ी खबरें सामने आईं। इसके बाद झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (झालसा) ने जांच टीम गठित कर होटवार जेल में जांच कराई। टीम ने पीड़िता, जेल पीएलवी और जेल चिकित्सक के बयान दर्ज कर अपनी रिपोर्ट झालसा को सौंप दी थी।
कई स्तरों पर हुई जांच, 9 जुलाई को होगी अगली सुनवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए रांची जिला प्रशासन और जेल आईजी की ओर से भी अलग-अलग स्तर पर जांच कराई गई थी। अब मेडिकल बोर्ड, न्यायिक जांच और अन्य रिपोर्टों के आधार पर हाईकोर्ट मामले की आगे सुनवाई करेगा। अदालत ने अगली सुनवाई की तिथि 9 जुलाई निर्धारित की है।