Jamshedpur News: टाटा स्टील ने कम-कार्बन स्टील उत्पादन को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम पहल की है. कंपनी ने हिसार्ना प्रोजेक्ट के लिए जमशेदपुर प्लांट और ट्यूब्स डिवीजन के कर्मचारियों से आंतरिक आवेदन आमंत्रित किए हैं. चयनित कर्मचारियों को पहले टाटा स्टील नीदरलैंड्स में विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसके बाद उन्हें जमशेदपुर में प्रस्तावित हिसार्ना प्रदर्शन संयंत्र में जिम्मेदारी सौंपी जाएगी.
वैश्विक प्रशिक्षण के साथ मिलेगा नया अवसर
कंपनी की ओर से जारी सूचना के अनुसार, यह अवसर समान ग्रेड पर आंतरिक स्थानांतरण के लिए है. चयनित कर्मचारी एक निर्धारित अवधि तक टाटा स्टील नीदरलैंड्स में रहकर हिसार्ना तकनीक का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे. इस दौरान उन्हें ग्रीन स्टील उत्पादन से जुड़ी आधुनिक तकनीक और वैश्विक विशेषज्ञों के साथ काम करने का अनुभव मिलेगा.
वेतन और ग्रेड में नहीं होगा कोई बदलाव
टाटा स्टील ने स्पष्ट किया है कि इस प्रक्रिया में शामिल होने वाले कर्मचारियों के वेतन, ग्रेड या अन्य सेवा शर्तों में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा. आवेदन करने के लिए कर्मचारियों के पास कम से कम तीन वर्ष का कार्य अनुभव होना आवश्यक है. प्रशिक्षण पूरा होने के बाद उन्हें जमशेदपुर में स्थापित होने वाले हिसार्ना प्रदर्शन संयंत्र में तैनात किया जाएगा.
राहुल गुप्ता को अतिरिक्त जिम्मेदारी
कंपनी ने एक अन्य प्रशासनिक आदेश में चीफ सेल्स मैनेजर कमर्शियल-नॉर्थ राहुल गुप्ता को उनकी वर्तमान जिम्मेदारियों के साथ चीफ स्टील रीसाइक्लिंग बिजनेस का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा है. अगले आदेश तक वे दोनों जिम्मेदारियां निभाएंगे. व्यावसायिक कार्यों के लिए वह सीओएमएस कमर्शियल एंड एक्सपोर्ट्स को रिपोर्ट करेंगे, जबकि स्टील रीसाइक्लिंग बिजनेस से जुड़े मामलों में उनकी रिपोर्टिंग वीपी सेफ्टी, हेल्थ एंड सस्टेनेबिलिटी को होगी.