Chandil: सावन माह के पावन अवसर पर रविवार शाम चांडिल स्थित प्राचीन जयदा बूढ़ा बाबा शिव मंदिर परिसर में धार्मिक आस्था और भक्ति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। श्री श्याम सेवा समिति, चांडिल की ओर से स्वर्णरेखा नदी के तट पर भव्य गंगा आरती का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। गंगा आरती के दौरान बनारस से पहुंचे विद्वान पंडितों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विधिवत अनुष्ठान संपन्न कराया। शंखनाद, मंत्रों की गूंज और दीपों की रोशनी से पूरा नदी तट आध्यात्मिक वातावरण में बदल गया। आरती के बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया।
पहली बार हुआ ऐसा आयोजन
आयोजकों ने बताया कि चांडिल अनुमंडल क्षेत्र ही नहीं, बल्कि सरायकेला-खरसावां जिले में पहली बार इस तरह का भव्य गंगा आरती कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान जयदा बूढ़ा बाबा शिव मंदिर से लेकर स्वर्णरेखा नदी तट तक "जय मां गंगा", "हर-हर गंगे" और "हर-हर महादेव" के जयकारे गूंजते रहे।
महिलाओं और युवाओं की रही बड़ी भागीदारी
धार्मिक आयोजन में महिलाओं, युवाओं, बुजुर्गों सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया। लोगों ने दीप जलाकर मां गंगा और भगवान शिव की आराधना की। आयोजन की भव्यता और धार्मिक माहौल ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से प्रसारित हुए, जिनकी लोगों ने काफी सराहना की।