Jamshedpur News: जमशेदपुर के बर्मामाइंस सड़क हादसे में सागर गोप की मौत के बाद पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन थाना पहुंचे और मृतक के परिजनों से मुलाकात की. उन्होंने थाना प्रभारी से भी घटना की जानकारी ली. इस दौरान चंपाई सोरेन ने शहर की ट्रैफिक व्यवस्था और भारी वाहनों की आवाजाही पर सवाल उठाए. उन्होंने हादसे के लिए टाटा कंपनी और प्रशासन की लापरवाही का आरोप लगाते हुए पीड़ित परिवार को कम से कम एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग की.
नो एंट्री नियम लागू करने की मांग
चंपाई सोरेन ने कहा कि शहर में भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर नियम तय हैं, लेकिन इसके बावजूद दिन में भी बड़े वाहन चलते हैं. उन्होंने नो एंट्री के नियम को सख्ती से लागू करने की मांग की. उन्होंने कहा कि सड़क हादसों को रोकने के लिए भारी वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करना जरूरी है. इसके साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था में भी सुधार किया जाना चाहिए.
हर बड़े वाहन में खलासी रखने की मांग
चंपाई सोरेन ने भारी वाहनों में खलासी नहीं होने को लेकर भी सवाल उठाया. उन्होंने आरोप लगाया कि कंपनी की ओर से बनाए गए नियमों में खलासी नहीं रखने की व्यवस्था है. उन्होंने कहा कि हर बड़े वाहन में खलासी होना चाहिए, ताकि चालक को जरूरत के समय मदद मिल सके और सड़क पर सुरक्षा व्यवस्था बेहतर हो.
टाटा कंपनी की जिम्मेदारी तय करने की मांग
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि टाटा कंपनी के गेट के आसपास 100 मीटर के दायरे में होने वाले सड़क हादसों में संबंधित कंपनी की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि अगर किसी कंपनी से जुड़े वाहन के कारण हादसा होता है, तो पीड़ित परिवार को संबंधित कंपनी की ओर से सहायता मिलनी चाहिए. सागर गोप के मामले में भी उन्होंने टाटा कंपनी से मुआवजा देने की मांग की.
परिवार को एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग
चंपाई सोरेन ने सागर गोप के परिवार को कम से कम एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग की. उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार को जरूरी सुविधाएं और सहायता भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया और भारी वाहनों की आवाजाही पर नियंत्रण नहीं हुआ, तो आगे आंदोलन किया जा सकता है.