ग्रामीणों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा
खरसावां थाना प्रभारी गौरव कुमार ने स्वयं दोनों गांवों में लोगों से सीधे संवाद स्थापित किया। उन्होंने ग्राम सभा में उपस्थित ग्रामीणों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि अफीम की खेती करना एक गंभीर अपराध है और अवैध रूप से इसकी खेती करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। थाना प्रभारी ने ग्रामीणों से आग्रह किया कि वे किसी भी बहकावे में न आएं और गैर-कानूनी तरीके से पैसा कमाने के इस रास्ते से दूर रहें।
अफीम की खेती के बदले वैकल्पिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित
जागरूकता अभियान के दौरान, पुलिस टीम ने ग्रामीणों को अफीम की खेती के बदले वैकल्पिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्हें विभिन्न नकदी फसलों और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई जिनसे वे कानूनी तरीके से और सुरक्षित रूप से अपनी आय बढ़ा सकते हैं। पुलिस का यह कदम अवैध नशीले पदार्थों के खिलाफ एक व्यापक रणनीति का हिस्सा है, जिसका मुख्य उद्देश्य किसानों को जागरूक करना और उन्हें अपराध के मार्ग पर जाने से रोकना है। इस अभियान को ग्रामीणों का सकारात्मक समर्थन मिला है और वे वैकल्पिक आजीविका के स्रोतों को जानने में रुचि दिखा रहे हैं।
जागरूकता अभियान जारी
पुलिस ने आगामी दिनों में भी खरसावां थाना क्षेत्र के अन्य संभावित गांवों में इस तरह के जागरूकता अभियान जारी रखने की बात कही है।