Jharkhand: झारखंड का कुख्यात गैंगस्टर सुजीत सिन्हा एक बार फिर सुर्खियों में है। शनिवार को उसे पलामू के मेदिनीनगर सेंट्रल से कड़ी सुरक्षा के बीच साहिबगंज मंडल कारा शिफ्ट किया गया। यह पूरा स्थानांतरण ऑपरेशन प्रशासन के लिए बेहद संवेदनशील माना गया था, इसलिए इसे उच्च प्राथमिकता पर पूरा किया गया।
जानकारी के मुताबिक, जेल आईजी के आदेश के बाद ही यह कार्रवाई शुरू हुई थी। आईजी ने पलामू के डीसी, एसपी और जेल अधीक्षक को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि ट्रांसफर के दौरान सुरक्षा में किसी भी तरह की कमी न हो और आदेश में यह भी कहा गया था कि –
“बंदी सुजीत सिन्हा को प्रशासनिक दृष्टिकोण से साहिबगंज मंडल कारा में स्थानांतरित करने की अनुमति दी जाती है।”
मेदिनीनगर के रेड़मा का रहने वाला सुजीत सिन्हा लंबे समय से झारखंड के आपराधिक जगत का बड़ा नाम रहा है। उसके गिरोह के सदस्य अब भी कई जिलों में सक्रिय बताए जाते हैं। यही वजह है कि पलामू के डीआईजी और जेल अधीक्षक ने मुख्यालय को एक रिपोर्ट भेजी थी, जिसमें यह सिफारिश की गई थी कि जेल में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुजीत को किसी दूसरे स्थान पर भेजा जाए।
कई जिलों में दर्ज हैं मामले, एनआईए भी कर रही जांच
सुजीत सिन्हा पर झारखंड के रांची, हजारीबाग, लातेहार, चतरा, रामगढ़ और पलामू सहित कई जिलों में गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसके खिलाफ हत्या, रंगदारी, फिरौती और हथियार तस्करी जैसे कई संगीन आरोप हैं। इतना ही नहीं, राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) भी उससे जुड़े मामलों की जांच कर रही है।
इससे पहले 10 अगस्त 2025 को उसे चाईबासा जेल से पलामू जेल लाया गया था, लेकिन सुरक्षा कारणों और स्थानीय कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए अब एक बार फिर उसका तबादला साहिबगंज जेल में कर दिया गया है।