बताया जा रहा है कि शनिवार की शाम करीब 7 बजे एक तेज रफ्तार हाईवा की चपेट में आकर धातकीडीह निवासी बाइक सवार जितेन नायक की मौके पर ही मौत हो गई थी. घटना के बाद आक्रोशित मृतक के परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों ने सड़क पर बांस और पत्थर रखकर यातायात पूरी तरह से ठप कर दिया था. इस कारण उकरी से खरसावां होते हुए सरायकेला जाने वाले मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई थी और लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा.
इधर घटना की सूचना मिलने पर सर्किल इंस्पेक्टर नितिन कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया. हालांकि, परिजन और ग्रामीण शुरू में 15 लाख रुपये के मुआवजे की मांग कर रहे थे और किसी भी कीमत पर जाम हटाने के लिए तैयार नहीं थे. पूरी रात प्रशासन मौके पर मौजूद रहा. इस दौरान सरायकेला थाना प्रभारी विनय कुमार, खरसावां थाना प्रभारी गौरव कुमार और सीनी ओपी प्रभारी विनय कुमार सिंह भी घटनास्थल पर कैंप कर हालात को संभालते रहे.
प्रशासन की ओर से गाड़ी मालिक के माध्यम से पहले एक लाख रुपये की सहायता देने की बात कही गई, लेकिन ग्रामीण इस पर सहमत नहीं हुए. रविवार को कई दौर की बातचीत के बाद दो लाख रुपये की सहायता राशि पर दोनों पक्षों के बीच समझौता हुआ. इसके बाद ग्रामीणों ने सड़क से जाम हटाया और आवागमन सामान्य हो सका. फिलहाल पुलिस ने मृतक का शव पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल सरायकेला भेज दिया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है. इस घटना के बाद इलाके में कुछ समय के लिए तनावपूर्ण स्थिति बनी रही, लेकिन प्रशासन की सूझबूझ से मामला शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया.