Jharkhand News: बोकारो स्टील सिटी रेलवे स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आधुनिक रूप दिया जा रहा है. लेकिन स्थानीय लोगों और यात्रियों ने चल रहे निर्माण कार्य पर गंभीर आपत्ति जतानी शुरू कर दी है. उनका कहना है कि रेलवे ने जिस आकर्षक और आधुनिक डिजाइन का वादा किया था, जमीन पर काम उससे बिल्कुल अलग दिख रहा है.
स्टेशन निर्माण का लगभग 60 प्रतिशत काम पूरा
यात्रियों के अनुसार स्टेशन निर्माण का लगभग 60 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है, लेकिन नई संरचना प्रस्तावित डिजाइन की झलक तक नहीं दिखा रही है. लोग दावा कर रहे हैं कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता को लेकर भी कई समस्याएं सामने आई हैं. कई यात्रियों ने यह भी बताया कि हाल की बारिश में स्टेशन परिसर में पानी रिसने की शिकायत आई थी, जिससे लोगों को काफी परेशानी हुई थी.
डिजाइन बदलने की जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई
बारंबार यात्रा करने वाले नागरिकों का कहना है कि यदि रेलवे ने डिजाइन बदला है, तो इसकी जानकारी सार्वजनिक रूप से देनी चाहिए. उनका मानना है कि कागज पर भव्य डिजाइन दिखाना और वास्तविक निर्माण में कुछ और तैयार करना उचित नहीं है. लोगों ने रेलवे और सरकार से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है.
प्रोजेक्ट में पारदर्शिता और जवाबदेही महत्वपूर्ण
बोकारो स्टेशन के पुनर्निर्माण पर उठते सवाल यह दर्शाते हैं कि बड़े प्रोजेक्ट में पारदर्शिता और जवाबदेही कितनी महत्वपूर्ण है. यात्रियों की अपेक्षा थी कि स्टेशन आधुनिक सुविधाओं और बेहतर संरचना के साथ तैयार हो. लेकिन डिजाइन और गुणवत्ता को लेकर बढ़ती नाराजगी रेलवे की परियोजनाओं की निगरानी पर प्रश्नचिह्न लगाती है. यदि समय रहते स्पष्टीकरण और सुधार नहीं किए गए, तो यह विश्वास और परियोजना की छवि दोनों को नुकसान पहुंचा सकता है.