Chaibasa News: पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा सदर अस्पताल में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक गरीब पिता को अपने 4 वर्षीय मासूम बच्चे के शव को थैले में रखकर बस से गांव ले जाना पड़ा. बच्चे की मौत के बाद परिजनों ने एम्बुलेंस की मांग की, लेकिन घंटों तक कोई व्यवस्था नहीं हो सकी.
शासन की पोल खुली
इस घटना ने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था और एम्बुलेंस सेवा के दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं. सरकार गरीबों के लिए 108 एम्बुलेंस सेवा और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट है.
दोषियों पर कार्रवाई की मांग
लोकल लोगों ने इस मामले की उच्चस्तरीय जांच और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में कोई और पिता इस तरह का दर्द झेलने को मजबूर न हो.
सदर अस्पताल की लापरवाही
सदर अस्पताल चाईबासा में एम्बुलेंस की व्यवस्था नहीं होने से गरीब पिता को अपने बच्चे के शव को थैले में रखकर बस से गांव ले जाना पड़ा. यह घटना अस्पताल प्रशासन की लापरवाही को दर्शाती है.
क्या कह रहे हैं अधिकारी?
इस मामले में अभी तक किसी भी अधिकारी ने बयान नहीं दिया है. लेकिन लोकल लोगों का कहना है कि अस्पताल प्रशासन की लापरवाही के कारण यह घटना हुई है.
क्या होगा आगे?
इस मामले की जांच के लिए उच्चस्तरीय कमेटी गठित की जा सकती है. साथ ही जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई भी हो सकती है.